घरेलू उपचार

चक्कर आना – कारण, लक्षण और घरेलू उपाय – Home Remedies for Dizziness in Hindi

by
चक्कर आना – कारण, लक्षण और घरेलू उपाय – Home Remedies for Dizziness in Hindi Hyderabd040-395603080 December 12, 2019

आपने कभी न कभी महसूस किया ही होगा कि अचानक से आपकी आंखों के आगे अंधेरा-सा छा गया हो, फिर चाहे आप बैठे हों या खड़े हों। साथ ही कभी न कभी आपको ऐसा भी लगा होगा कि अचानक आपका सिर घूमने लगा है। अगर हां, तो यह चक्कर आने के लक्षण हैं। स्टाइलक्रेज के इस लेख में हम इसी समस्या के बारे में बात करेंगे। साथ ही सिर चकराने का इलाज और चक्कर आने पर क्या उपचार करें, इस बारे में पूरी जानकारी देने का प्रयास करेंगे। इस लेख में हम जो उपचार बता रहे हैं, वो चक्कर आने की समस्या को कुछ हद तक कम कर सकते हैं। वहीं, अगर समस्या गंभीर हो जाए और चक्कर बार-बार आने लगें, तो एक बार डॉक्टर को दिखाना जरूरी हो जाता है।

आइए, सबसे पहले हम चक्कर आने के कारणों के बारे में जान लेते हैं।

चक्कर आने का कारण – Causes of Dizziness in Hindi

चक्कर आने के कई कारण हो सकते हैं, जिनमें से कुछ सामान्य कारणों के बारे हम नीचे बता रहे हैं (1), (2) :

  1. अचानक से बैठने या उठने पर: कई लोग अचानक से बैठने या उठने पर लाइटहेडनेस (Lightheaded – चक्कर आने की एक स्थिति) महसूस करते हैं, चक्कर आने का एक कारण यह भी हो सकता है।
  2. माइग्रेन के कारण : माइग्रेन की स्थिति में सिर में तेज दर्द होता है। इसके कारण भी चक्कर आने की स्थिति उत्पन्न हो सकती है।
  3. दवाओं के कारण: कान के अंदर किसी तरह की समस्या होने पर या फिर किसी दवा के रिएक्शन के कारण भी चक्कर आ सकते हैं।
  4. ब्लड प्रेशर का अचानक लो होना: अचानक से ब्लड प्रेशर लो हो जाने पर भी चक्कर आने की स्थिति उत्पन्न हो सकती है।
  5. डिहाइड्रेशन: डिहाइड्रेशन के कारण शरीर में पानी की कमी होने पर पर भी चक्कर आ सकते हैं।
  6. मोशन सिकनेस के कारण: मोशन सिकनेस के कारण भी चक्कर भी आ सकते हैं। मोशन सिकनेस एक ऐसी दशा है, जो कुछ लोगों में बस या कार से यात्रा करने के दौरान होती है।
  7. बढ़ती उम्र के कारण: बढ़ती उम्र के साथ लोगों को कई तरह की स्वास्थ्य समस्याएं हो सकती हैं, जिसके कारण उन्हें ज्यादा दवाओं का सेवन करना पड़ सकता है। इस कारण भी चक्कर आने की समस्या हो सकती है।
  8. अन्य किसी कारण से: कभी-कभी उपरोक्त स्थितियों के अलावा कुछ अन्य कारणों से भी चक्कर आने की समस्या हो सकती है। इस स्थिति में आप देर किए बिना डॉक्टर की सलाह लें।

चक्कर आने के लक्षण – Symptoms of Dizziness in Hindi

आमतौर पर चक्कर आने के कारण व्यक्ति को आसपास की चीजें घूमती हुईं और धुंधली नजर आ सकती हैं। साथ ही शरीर का संतुलन बनाना मुश्किल हो जाता है। नीचे क्रमवार रूप से चक्कर आने के लक्षणों के बारे में बताया गया है (2)

  • चलने में असुविधा होना।
  • किसी भी चीज को पास आते या फिर दूर जाते हुए महसूस करना।
  • बेहोश होने जैसा महसूस होना।
  • इसके अन्य लक्षणों में सिरदर्द भी शामिल है।
  • मतली और उल्टी महसूस करना।
  • कान के अंदर बिना किसी शोर के आवाज का सुनाई देना जैसे कि टिन्निटस (Tinnitus – कान के अंदर अपने होने वाली एक आवाज)।
  • सुनने में कठिनाई महसूस होना।
  • कोई चौंका देने वाला झटका महसूस होना।
  • आंखों की असामान्य गतिविधियां, जैसे आंखों का फड़कना, चलते समय स्पष्ट रूप से देखने में मुश्किल का सामना करना आदि।

आगे हम चक्कर आने के विभिन्न प्रकारों के बारे में बता रहे हैं।

चक्कर आने के प्रकार – Types of Dizziness in Hindi

चक्कर आने के प्रकार चार तरह के हो सकते हैं (3)

  1. वर्टिगो (Vertigo) – इसमें सिर चकराने लगता है और ऐसा लगता है कि आसपास की चीजें घूम रही हैं। इस समस्या से ग्रस्त व्यक्ति को उल्टी तक आ सकती है।
  2. डिस्क्लेबिलिब्रियम (Disequilibrium) – इसमें शरीर का संतुलन बनाने में समस्या होती है। इससे पीड़ित कुछ लोगों को पैरों में समस्या महसूस हो सकती है, जबकि कुछ लोगों को सिर में चक्कर महसूस हो सकता है।
  3. प्रेसिंकोप (Presyncope) – इस स्थिति में व्यक्ति को लगता है कि वह बेहोश हो जाएगा, लेकिन ऐसा होता नहीं है। जब व्यक्ति बैठने या लेटने का प्रयास करता है, तो कुछ राहत महसूस कर सकता है।
  4. लाइटहेडनेस (Lightheadedness) – लाइटहेडनेस की स्थिति में सिर के अंदर झंझनाहट महसूस हो सकती है। इस अवस्था में कभी-कभी व्यक्ति को यह महसूस हो सकता है कि उनका सिर उनके शरीर के साथ नहीं जुड़ा हुआ है।

लेख के इस भाग में जानिए कि चक्कर आने की स्थिति में किन घरेलू उपायों को अपनाया जा सकता है।

चक्कर आने पर अपनाएं ये घरेलू उपाय – Home Remedies for Dizziness in Hindi

सिर में चक्कर आना कोई बीमारी नहीं है। सिर चकराने का इलाज सही तरीके से किया जाए, तो इस समस्या से राहत भी पाई जा सकती है। नीचे चक्कर दूर करने के कुछ घरेलू उपाय बता रहे हैं, जो इस समस्या में लोगों के लिए लाभदायक हो सकते हैं।

1. अदरक

चक्कर से राहत दिलाने के लिए अदरक का सेवन फायदेमंद हो सकता है । इसमें विशेष औषधीय गुण पाए जाते हैं। यात्रा करने के दौरान अगर इसका सेवन किया जाए, तो यह मोशन सिकनेस (चक्कर आने के कारण में से एक) की समस्या को ठीक करने में मदद कर सकता है। एक वैज्ञानिक शोध में भी इस बात की पुष्टि की गई है कि अदरक में एंटीऑक्सीडेंट गुण पाए जाते हैं, जो चक्कर आने की समस्या में लाभदायक साबित हो सकते हैं (4)। मेडिकली भी मोशन सिकनेस के लिए अदरक का इस्तेमाल किया जाता है।

कैसे करें इस्तेमाल :

  • अदरक को छोटे-छोटे टुकड़ों में काट लें।
  • अब यात्रा के दौरान मोशन सिकनेस महसूस होने पर इन टुकड़ों को चबाएं।
  • इसके अलावा, आप डॉक्टर की सलाह पर अदरक के सप्लीमेंट्स भी ले सकते हैं।

2. आंवला

आंवले का यूनानी और आयुर्वेदिक दवाएं बनाने के लिए लंबे समय से उपयोग किया जाता रहा है, क्योंकि यह एक गुणकारी फल माना जाता है। आंवले में भी एंटीमाइक्रोबियल व एंटीऑक्सीडेंट गुण पाए जाते हैं। एक वैज्ञानिक रिपोर्ट में बताया गया है कि आंवले के फल के गूदे को सिर पर लगाने से यह सिरदर्द और चक्कर आने की समस्या को कम कर सकता है (5)

कैसे करें इस्तेमाल :

  • दो-तीन बूंद सरसों का तेल लें।
  • आंवले के गूदे का पेस्ट बना लें और इसमें सरसों का तेल मिला लें।
  • अब हल्के हाथों इसे स्कैल्प पर लगाएं।
  • करीब 30 मिनट के बाद सिर को शैम्पू से धो लें।

3. नींबू

चक्कर आने पर नींबू का सेवन करना भी आपको लाभदायक साबित हो सकता है। एक रिसर्च के मुताबिक, नींबू का सेवन मतली आने के जोखिम को कम करने के साथ-साथ चक्कर आने की समस्या को भी कम कर सकता है (6)। हालांकि, यह किस प्रकार चक्कर आने का उपचार कर सकता है, इस पर अभी और वैज्ञानिक शोध की आवश्यकता है।

कैसे करें इस्तेमाल :

  • एक गिलास पानी लें।
  • आधे नींबू के रस को इस पानी में मिक्स कर दें।
  • अब चक्कर आने के बाद आप इसका सेवन कर सकते हैं।

4. शहद

चक्कर आने पर शहद प्रभावी तरीके से आपके काम आ सकता है। एनसीबीआई (नेशनल सेंटर फॉर बायोटेक्नोलॉजी इंफॉर्मेशन) की ओर से प्रकाशित एक मेडिकल रिसर्च के अनुसार, शहद में पोषक तत्वों के रूप में अधिक ऊर्जा की मात्रा पाई जाती है, जिसके सेवन के तुरंत बाद शरीर को पर्याप्त मात्रा में कैलोरी मिलती है। इससे वर्टिगो (चक्कर आने का एक प्रकार) की समस्या को ठीक करने में मदद मिल सकती है (7)। इससे चक्कर आने का उपचार हो सकता है। एक अन्य वैज्ञानिक शोध के मुताबिक, शहद का सेवन चक्कर की दवा के रूप में किया जा सकता है (8)

कैसे करें इस्तेमाल :

  • एक गिलास पानी में दो चम्मच शहद और करीब एक चम्मच सेब का सिरका मिलाएं।
  • फिर इस पानी का सेवन करें।
  • इसके अलावा, आप एक चम्मच शहद व एक चम्मच नींबू के रस को भी पानी में मिलाकर पी सकते हैं।
  • ध्यान रहे कि इस घरेलू नुस्खे में शुद्ध शहद का इस्तेमाल करें।

5. तुलसी

कई लोग यह सोचते हैं कि चक्कर आने पर क्या उपचार करें, लेकिन यह इतना भी मुश्किल नहीं है। दरअसल, चक्कर आने की समस्या को ठीक करने के तुलसी के पौधे के अर्क का सेवन फायदेमंद हो सकता है। एक वैज्ञानिक रिसर्च के अनुसार, तुलसी में एंटी-ऑक्सीडेंट और एंटी-इंफ्लेमेटरी गुण पाए जाते हैं। ये दोनों गुण चक्कर आने की समस्या को कुछ हद तक कम कर सकते हैं (9)

कैसे करें इस्तेमाल :

  • तुलसी की कुछ पत्तियों को पीसकर करीब आधा चम्मच अर्क निकाल लें।
  • चक्कर आने की अवस्था में इस अर्क का सेवन करने से फायदा हो सकता है।

6. बादाम

पौष्टिक तत्वों से भरपूर बादाम को बेहतरीन ड्राई फूट माना जाता है। चक्कर आने की अवस्था में बादाम का सेवन करने से भी कुछ फायदा हो सकता है। बादाम में विटामिन-बी6 की मात्रा पाई जाती है (10)। वहीं, विटामिन-बी6 का सेवन करने से सिर में चक्कर आना जैसी समस्या को रोका जा सकता है (11)। हालांकि विटामिन-बी6 की मात्रा बादाम में सीमित ही मौजूद है, इसलिए इसके सेवन के स्थान पर आप ऊपर दिए गये अन्य उपचार को भी अपना सकते हैं।

कैसे करें इस्तेमाल :

  • 4-5 बादाम रात भर के लिए पानी में भिगोकर रख दें।
  • अगली सुबह इनके छिलके उतारकर बारीक पीस लें।
  • फिर इन्हें दूध (दूध को उबालकर ठंडा होने के बाद) के साथ मिलाकर सेवन कर सकते हैं।

7. गिंग्को बिलोबा

चक्कर के उपचार के लिए गिंग्को बिलोबा का इस्तेमाल किया जा सकता है। ऐसा इसलिए मुमकिन हो सकता है, क्योंकि गिंग्को बिलोबा से निकलने वाले अर्क में विशेष चिकित्सकीय गुण पाए जाते हैं। एक क्लिनिकल स्टडी के अनुसार, इसका सेवन करने से चक्कर आने की समस्या का समाधान किया जा सकता है (9)। हालांकि, सिर में चक्कर आना खत्म करने के लिए इसका सेवन करने से पहले एक बार डॉक्टर की सलाह अवश्य लें, क्योंकि इसके चक्कर को ठीक करने की क्रिया पर अभी पर्याप्त वैज्ञानिक शोध का अभाव है।

कैसे करें इस्तेमाल :

  • गिंग्को बिलोबा (हरे रंग की पत्तियों वाला एक पौधा) बाजार में आसानी से मिल जाता है।
  • इसे घर लाकर अच्छी तरह धुल लें।
  • फिर इसकी पत्तियों को निचोड़कर या ओखली में कूटकर इसका अर्क निकाल लें।
  • अब इसके अर्क का सेवन पीड़ित व्यक्ति को कराया जा सकता है।
  • ध्यान दें कि इसके सेवन की सही मात्रा की जानकारी के लिए एक बार डॉक्टर से संपर्क जरूर करें।

8. स्वस्थ आहार लें

स्वस्थ आहार को अपनी डाइट में शामिल करके भी चक्कर आने का उपचार करने में मदद मिल सकती है। दरअसल, चक्कर आने के कारण को लेकर किए गए एक वैज्ञानिक शोध में पुष्टि की गई है कि भोजन में पोषक तत्वों की कमी के कारण भी चक्कर आने की समस्या हो सकती है। ऐसे में स्वस्थ डाइट के जरिए चक्कर आने का उपचार करने में मदद मिल सकती है। इसके लिए आहार में फैट व कार्बोहाइड्रेट की जगह फाइबर युक्त खाद्य पदार्थों को जगह देनी चाहिए (10)। फिलहाल, इस संबंध में अभी और शोध किए जाने की आवश्यकता है, लेकिन इसमें कोई दो राय नहीं है कि स्वस्थ शरीर के लिए पर्याप्त पोषक तत्व जरूरी हैं।

9. भरपूर मात्रा में पिएं पानी

जैसा कि ऊपर भी बताया जा चुका है कि चक्कर आने का एक कारण डिहाइड्रेशन भी हो सकता है (1)। इसलिए, दिनभर में पानी का भरपूर सेवन किया जाना चाहिए। इससे शरीर दिनभर हाइड्रेट रहता है और चक्कर आने की समस्या को कुछ कम किया जा सकता है (11)

10. गहरी सांस लें

चक्कर आने पर तुरंत उपचार के तौर पर लंबी और गहरी सांस लेने चाहिए। इससे समस्या को कुछ कम किया जा सकता है। लंबी गहरी सांस लेने पर दिमाग तक पर्याप्त ऑक्सीजन पहुंचती है और लाइटहेडेड के कारण आने वाले चक्कर को कुछ कम किया जा सकता है (12)। सांस को किस प्रकार लेना व छोड़ना है, इस बारे में पहले योग्य योग ट्रेनर से जरूर पूछ लें। खुद से इसे करने पर फायदे की जगह नुकसान हो सकता है, क्योंकि लंबी गहरी सांस लेना व छोड़ना भी एक तकनीक है।

चक्कर न आएं, उसके उपाय जानने के लिए पढ़ते रहें यह आर्टिकल।

चक्कर आने से बचाव – Prevention Tips for Dizziness in Hindi

अगर आप कुछ बातों का ध्यान रखते हुए जरूरी सावधानियां बरतेंगे, तो चक्कर आने से खुद को बचा सकते हैं। इस स्थिति से बचने के लिए नीचे हम कुछ काम के टिप्स दे रहे हैं (14):

अगर लाइटहेडेड के कारण चक्कर आते हैं

  • अचानक से अपने पोश्चर को बदलने से बचें।
  • अगर लेटे हुई हैं, तो धीरे से उठें और खड़े होने से पहले कुछ देर बैठे रहें।
  • वहीं, खड़े होते समय किस चीज का सहारा जरूर लें।

अगर वर्टिगो के कारण चक्कर आते हैं –

  • अचानक से कुछ करने और अचानक से अपनी पॉजिशन को बदलने से बचें।
  • किसी भी कार्य को धीरे-धीरे करना शुरू करें।
  • अगर तमाम सावधानियों के बाद भी चक्कर आते हैं, तो तेज रोशनी से बचें, न तो टीवी देखें और न

ही कुछ पढ़ने का प्रयास करें, क्योंकि ये चक्कर आने की स्थिति को गंभीर बना सकते हैं।

इसके अलावा भी बचाव के कुछ तरीके हैं –

  • कैफीन, शराब, नमक और तंबाकू के सेवन से बचें। इन पदार्थों के अधिक उपयोग से समस्या और गंभीर हो सकती है।
  • पर्याप्त तरल पदार्थ पिएं, स्वस्थ आहार खाएं, पर्याप्त नींद लें और तनाव से बच रहें।
  • किसी दवा का सेवन करने से भी चक्कर आने की समस्या हो सकती है। अगर ऐसा कभी हो, तो तुरंत डॉक्टर से संपर्क करें।
  • अगर यात्रा करते समय चक्कर आते हैं, तो उस दौरान किताब पढ़ने से बचें और फोन का प्रयोग भी न करें।
  • किसी-किसी को कार की पिछली सीट पर बैठकर चक्कर आते हैं। ऐसे में पिछली सीट पर बैठने से बचें।
  • सिर को तेजी से न घुमाएं। इससे चक्कर आ सकते हैं।

इस लेख में बताई गई सावधानियों और उपचार को अपनाकर आप चक्कर आने की समस्या से काफी हद तक बचे रह सकते हैं। हालांकि, ये सिर घूमने का सटीक उपचार नहीं हैं, लेकिन फिर भी इसके जोखिम को कुछ कम जरूर कर सकते हैं। अगर चक्कर आने की समस्या लगातार बनी रहती है, तो यह किसी अन्य बीमारी का भी संकेत हो सकता है। इसलिए, बिना देर किए डॉक्टर से संपर्क जरूर करें। चक्कर की दवा के लिए भी आप डॉक्टर से बात कर सकते हैं। आपके लिए यह आर्टिकल किस प्रकार लाभकारी रहा, अपनी प्रक्रिया नीचे दिए कमेंट बॉक्स के जरिए हमें जरूर बताएं।

और पढ़े:

The following two tabs change content below.

Somendra Singh

सोमेंद्र ने इलाहाबाद विश्वविद्यालय से 2019 में बी.वोक इन मीडिया स्टडीज की है। पढ़ाई के दौरान ही इन्होंने पढ़ाई से अतिरिक्त समय बचाकर काम करना शुरू कर दिया था। इस दौरान सोमेंद्र ने 5 वेबसाइट पर समाचार लेखन से लेकर इन्हें पब्लिश करने का काम भी किया। यह मुख्य रूप से राजनीति, मनोरंजन और लाइफस्टइल पर लिखना पसंद करते हैं। सोमेंद्र को फोटोग्राफी का भी शौक है और इन्होंने इस क्षेत्र में कई पुरस्कार भी जीते हैं। सोमेंद्र को वीडियो एडिटिंग की भी अच्छी जानकारी है। इन्हें एक्शन और डिटेक्टिव टाइप की फिल्में देखना और घूमना पसंद है।

संबंधित आलेख