चुकंदर के फायदे, उपयोग और नुकसान – All About Beetroot (Chukandar) in Hindi

Medically reviewed by Neelanjana Singh, Nutrition Therapist & Wellness Consultant
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अपने गहरे लाल रंग के लिए लोकप्रिय चुकंदर स्वास्थ्य के लिए फायदेमंद माना जाता है। शरीर में हीमोग्लोबिन की मात्रा बढ़ानी हो या सौंदर्यता बरकरार रखनी हो, चुकंदर के फायदे कई हैं। चुकंदर के गुण के कारण इसका उपयोग आमतौर पर सलाद या जूस की तरह किया जाता है। अगर आप चुकंदर खाने के फायदे से ज्यादा वाकिफ नहीं हैं, तो इस लेख को पढ़कर उन सभी को अच्छी तरह समझ जाएंगे। इस लेख में हम सेहत के लिए चुकंदर के लाभ के बारे में विस्तार से बताएंगे। इस लेख में न सिर्फ स्वास्थ के लिए, बल्कि त्वचा और बालों के लिए चुकंदर लाभ के बारे में बताया है। वहीं, चुकंदर के नुकसान से बचने के लिए हम इसका उपयोग करने की सही विधि के बारे में बताएंगे।

आइए शुरू करें लेख

चुकंदर खाने के फायदे और नुकसान जानने से पहले समझिए कि चुकंदर क्या होता है।

चुकंदर क्या है? – What is Beetroot in Hindi

यह जीनस बीटा वल्गेरिस की किस्मों में से एक है। यह पौधे का जड़ वाला हिस्सा होता है। इसका सेवन अक्सर सलाद और जूस के रूप में किया जाता है। चुकंदर खाने के लाभ उठाने के लिए भोजन के साथ सलाद के तौर पर सेवन करने के अलावा चुकंदर का प्रयोग औषधि और फूड कलर के रूप में भी किया जाता है। इसका रंग इतना गहरा होता है कि सेवन करने के बाद जीभ भी लाल रंग की नजर आती है। विभिन्न भाषाओं में इसके अलग-अलग नाम हैं, जैसे अंग्रेजी में बीटरूट, स्पेनिश में ला रेमोलाचा (la remolacha) और चीनी भाषा में हांग कै टू (Hong cai tou)।

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यह जानने के बाद कि चुकंदर क्या है, आगे जानिए चुकंदर के विभिन्न प्रकारों के बारे में।

चुकंदर के प्रकार – Types of Beetroot in Hindi

चुकंदर के प्रकारों को कोई नाम नहीं दिया गया है। वहीं, कुछ लोगों का यह भी सवाल होता है कि चुकंदर कैसा होता है। हम बात दें कि इसकी त्वचा का रंग अलग-अलग हो सकता है जैसे गाढ़ा लाल/बैंगनी से हल्का लाल, आदि। वहीं, बाजार में कुछ हाइब्रिड चुकंदर भी उपलब्ध होते हैं, जो सुनहरी या सफेद छिलके या लाल छिलके पर सफेद धारियों के साथ आते हैं (1)।

अंत तक पढ़ें

लेख के अगले भाग में जानिए कि चुकंदर खाने से क्या होता है।

चुकंदर के फायदे – Health Benefits of Beetroot in Hindi

ऐसी कई शारीरिक समस्याएं हैं, जिनसे कुछ हद तक राहत पाने में चुकंदर मदद कर सकता है, लेकिन यह इनका इलाज नहीं है और न ही यह कोई आयुर्वेदिक औषधि है। नीचे बताई सभी समस्याओं के लिए चुकंदर के गुण का फायदा उठाने के साथ-साथ सटीक डॉक्टरी इलाज करवाना भी जरूरी है। चुकंदर में विटामिन और अन्य पोषक तत्वों की समृद्ध मात्रा पाई जाती है, जिस कारण नीचे हमने सेहत के लिए बीटरूट खाने के फायदे के बारे में बताया है।

1. मधुमेह में बीट खाने के फायदे

चुकंदर खाने के फायदे में मधुमेह पर नियंत्रण भी शामिल है। इसके हाइपोग्लेमिक गुणों के कारण डायबिटीज के प्राकृतिक इलाज के रूप में चुकंदर का सेवन किया जा सकता है। यह एक गुणकारी खाद्य पदार्थ है। इसका सेवन रोजाना करने से रक्त शर्करा संतुलित हो जाती है, जिससे डायबिटीज के मरीजों के लिए यह फायदेमंद हो सकता है (2)। ये सभी तत्व मधुमेह के स्तर को कम करने का काम कर सकते हैं।

2. हृदय के लिए बीटरूट खाने के फायदे

चुकंदर खाने के लाभ हृदय को ठीक रखने के लिए भी देखे गए हैं। शरीर का सबसे महत्वपूर्ण हिस्सा है हृदय, जिसका स्वस्थ रहना हर हाल में जरूरी है। चुकंदर का उपयोग हृदय को स्वस्थ रखने का काम कर सकता है। इसमें मौजूद नाइट्रेट तत्व रक्तचाप को सामान्य कर हृदय रोग और हृदयाघात से बचा सकता है (3)। इसके अलावा, चुकंदर में मौजूद एंटीइंफ्लेमेटरी गुण शरीर की सूजन को कम करने में मदद कर सकते हैं, जो हृदय रोग का कारण बन सकते हैं (4)। इसमें मौजूद जरूरी विटामिन्स और मिनरल्स हृदय को स्वस्थ रखते हैं। दिल के रोगों से बचने के लिए चुकंदर का सेवन रोजाना किया जा सकता है।

3. उच्च रक्तचाप के लिए बेनेफिट्स ऑफ चुकंदर

उच्च रक्तचाप एक गंभीर शारीरिक समस्या है, जिसमें धमनियों में रक्त का दबाव सामान्य से अधिक बढ़ जाता है (5)। हाई ब्लड प्रेशर के कई घातक परिणाम हो सकते हैं। सही स्वास्थ्य के लिए धमनियों में रक्त का प्रवाह सामान्य रहना जरूरी है। उच्च रक्तचाप को नियंत्रित करने के कई आधुनिक उपाय मौजूद हैं, लेकिन प्राकृतिक उपचार में चुकंदर का सेवन किया जा सकता है। बीटरूट में नाइट्रेट नामक तत्व पाया जाता है, जो हाई बीपी को कम करने का काम करता है (6)। उच्च रक्तचाप के देसी उपचार के रूप में रोजाना चुकंदर का जूस पीने के फायदे देखे जा सकते हैं।

4. कैंसर में बीट खाने के फायदे

कैंसर से बचने के लिए चुकंदर खाने के फायदे देखे गए हैं। एक अध्ययन में पाया गया है कि बीटरूट फेफड़ाें और स्किन कैंसर को शरीर में विकसित होने से रोक सकता है (7)। वहीं, एक अन्य अध्ययन में इस बात की भी पुष्टि की गई है कि गाजर और चुकंदर का जूस एक साथ मिलाकर पीने से शरीर में ब्लड कैंसर की आशंका को कम किया जा सकता है (8)। कैंसर एक घातक बीमारी है और घरेलू उपचार से इसका इलाज संभव नहीं है। इसलिए, कैंसर से पीड़ित मरीज को डॉक्टर से चेकअप करवाना चाहिए। 

5. एनीमिया में चुकंदर के लाभ

आयरन शरीर में लाल रक्त कोशिकाएं बनाने में मदद करता है और लाल रक्त कोशिकाएं शरीर के विभिन्न भाग में ऑक्सीजन पहुंचाने का काम करती हैं। एनीमिया ऐसी अवस्था होती है, जब शरीर में आयरन की कमी के कारण पर्याप्त लाल रक्त कोशिकाएं नहीं बन पाती। एनीमिया का उपचार करने के लिए आयरन युक्त खाद्य पदार्थ का सेवन करने की सलाह दी जाती है (9)। बताया जाता है कि 100 ग्राम कच्चे चुकंदर में 0.8 मिलीग्राम और पके हुई चुकंदर में 0.79 मिलीग्राम आयरन पाया जाता है, जिसके सेवन से एनीमिया से आराम पाया जा सकता है (10) (11)। बेहतर परिणाम के लिए चुकंदर की सब्जी बनाकर खाई जा सकती है।

6. ऊर्जा का स्त्रोत

थकान मिटाने के लिए चुकंदर के जूस पीने के फायदे भी देखे गए हैं। इसके 100 मिलीलीटर जूस में 95 kcal ऊर्जा होती है, जिसके सेवन से शरीर में तुरंत ऊर्जा मिल सकती है (10)। वहीं, एनसीबीआई (नेशनल सेंटर ऑफ बायोटेक्नोलॉजी इंफॉर्मेशन) द्वारा प्रकाशित एक शोध में यह बात सामने आई है कि चुकंदर का जूस एथलीटों की कार्डियोरेस्पिरेटरी एंड्यूरेंस (ज्यादा समय तक शरीर के एक्टिव रहने की क्षमता) को बढ़ाता है। इससे वो जल्दी थकते नहीं हैं और उनका प्रदर्शन बेहतर होता है (12)।

जानिए चुकंदर के गुण

7. दांत और हड्डियों के लिए फायदेमंद

हड्डियां हमारे शरीर को मजबूती प्रदान करती हैं और हमारे आकार को बनाने में मदद करती हैं। शरीर के पूरे वजन को संभालने के लिए हड्डियों का मजबूत रहना जरूरी है। इसके अलावा, हड्डियां शरीर के अंगों की रक्षा भी करती हैं, जैसे खोपड़ी की रक्षा करती हैं और चेहरे का आकार बनाती है। पसलियां एक पिंजरे का निर्माण करती हैं, जिससे हृदय और फेफड़े सुरक्षित रहते हैं। इसलिए, हड्डियों की मजबूती के लिए शरीर में कैल्शियम का होना जरूरी है और चुकंदर कैल्शियम का अच्छा स्रोत है। चुकंदर खाने के लाभ में न सिर्फ हड्डियों, बल्कि दांतों को भी मजबूत करना शामिल है (13) (10)।

8. चुकंदर के एंटीइंफ्लेमेटरी गुण

शरीर में सूजन कभी भी और कहीं भी हो सकती है। इसके लिए बैक्टीरिया या अन्य कीटाणु जिम्मेदार होते हैं। साथ ही चोट लगने या शरीर में किसी तरह के केमिकल रिएक्शन के कारण भी ऐसा हो सकता है (14)। शरीर में किसी भी तरह के सूजन को खत्म करने के लिए एंटीइंफ्लेमेटरी प्रभाव की जरूरत पड़ती है। ऐसे में बीटरूट खाने के फायदे देखे जा सकते हैं। इसमें मौजूद बीटालेन नामक तत्व में एंटीइंफ्लेमेटरी गुण होते हैं, जो शरीर से सूजन को कम करने में मदद कर सकते हैं (4)।

9. मस्तिष्क के लिए बीट के फायदे

कॉग्निटिव फंक्शन जैसे स्मृति, एकाग्रता, निर्णय लेने की क्षमता आदि उम्र के साथ कम होने लगती है। इसके पीछे का मुख्य कारण होता है दिमाग के ऊपरी हिस्से (सेरिब्रेम) की तरफ ब्लड फ्लो की कमी हो जाना। यह आगे चल कर अन्य गंभीर समस्या जैसे ब्रेन डैमेज या अल्जाइमर रोग आदि का कारण बन सकता है। ऐसे में नाइट्रिक ऑक्साइड का अच्छा स्रोत जैसे चुकंदर इस समस्या को कुछ हद तक कम करने में मदद कर सकता है। यह दिमाग में रक्त संचार को बढ़ाता है और कॉग्निटिव फंक्शन को बेहतर बनाए रखने में सहायक हो सकता है (4)।

10. कोलेस्ट्रोल को करे नियंत्रित

शरीर में बनने वाले खराब कोलेस्ट्रॉल को एलडीएल (LDL) कहा जाता है। यह रक्त धमियों में जमा होकर गंभीर रूप से नुकसान पहुंचा सकता है। शरीर में इसकी मात्रा ज्यादा होने से हार्ट अटैक का खतरा बढ़ जाता है, इसीलिए इसे नियंत्रित रखने की सलाह दी जाती है (15)। इसे नियंत्रित करने में चुकंदर के जूस के फायदे देखे गए हैं। बताया जाता है कि रोज 500 मिलीलीटर चुकंदर के जूस का सेवन करने से इसके ग्लाइसेमिक नियंत्रण गुण खराब कोलेस्ट्रॉल को कंट्रोल करने में मदद कर सकते हैं (2) (11)।

11. गर्भावस्था में बीट के फायदे

गर्भावस्था में चुकंदर का उपयोग फायदेमंद हो सकता है। यह फॉलेट का अच्छा स्रोत होता है, जिसे गर्भावस्था के दौरान जरूरी विटामिन माना जाता है। यह शिशु में जन्म के दौरान होने वाली विकृतियों की आशंका को कम कर सकता है। साथ ही यह भ्रूण के विकास में भी मदद करता है और उसकी रीढ़ व मस्तिष्क के विकास में सहायक हो सकता है। फोलेट कोशिकाओं को स्वस्थ बनाए रखने में और नए स्वस्थ सेल को बनाने में मदद करता है। इसमें मौजूद फॉलेट के कारण ही चुकंदर के जूस के फायदे गर्भावस्था के दौरान भी मिल सकते हैं (11)।

12. लिवर के लिए बीटरूट के फायदे

बीट के फायदे में लिवर स्वास्थ्य भी शामिल है। शरीर को पोषित करने के लिए लिवर का स्वस्थ रहना जरूरी है। लिवर से जुड़ी समस्याओं से बचने के लिए आप चुकंदर का रोजाना सेवन कर सकते हैं। बीटरूट हाई फैट वाले भोजन से लिवर को होने वाली ऑक्सीडेटिव क्षति को कम करने में मदद कर सकता है। इसमें फ्लेवोनॉयड्स भी पाए जाते हैं, जो मेटाबॉलिज्म को बनाए रखने में सहायता करते हैं (16)। साथ ही चुकंदर लिवर को डिटॉक्सिफाई भी कर सकता है। यह उसे साफ और स्वस्थ रखने में मदद करता है (11)। 

13. मोतियाबिंद में बेनेफिट्स ऑफ बीटरूट

अगर कोई यह सोचता है कि चुकंदर खाने से क्या लाभ होता है, तो हम बता दें कि यह आंखों के लिए बहुत लाभदायक है। बताया जाता है कि चुकंदर आंखों को स्वस्थ रखने में मदद कर सकता है (11)। दरअसल, चुकंदर कई तरह के विटामिन और मिनरल का खजाना है, जिसमें से एक विटामिन-सी भी है। चुकंदर में भरपूर मात्रा में विटामिन-सी पाया जाता है। एनसीबीआई की ओर से प्रकाशित एक शोध में इस बात की पुष्टि की गई है कि विटामिन-सी युक्त आहार का सेवन मोतियाबिंद से बचाने में मदद कर सकता है (10) (17)।

14. एंटीऑक्सीडेंट गुण युक्त

ऑक्सीडेटिव स्ट्रेस कई शारीरिक और मानसिक समस्याओं का कारण बन सकता है। यह यूवी किरणों के प्रभाव, शरीर में कुछ खास कीटाणुओं के प्रवेश या अधिक तनावपूर्ण एक्सरसाइज के कारण हो सकता है। इसलिए, ऑक्सीडेटिव स्ट्रेस से बचने के लिए एंटीऑक्सीडेंट का उपयोग/सेवन करने की सलाह दी जाती है। ऐसे में चुकंदर का उपयोग फायदेमंद हो सकता है। इसमें मौजूद बीटालेन एक प्रभावी एंटीऑक्सीडेंट होता है, जो ऑक्सीडेटिव स्ट्रेस के कारण हो रही क्षति से शरीर को बचा सकता है (4)।

15. माहवारी में बीटरूट के फायदे

माहवारी ऐसी समस्या है, जिससे सभी महिलाएं हर महीने गुजरती है। इस दौरान महिला को शरीर के विभिन्न हिस्सों में दर्द होना, चिड़चिड़ापन होना आदि सामान्य बात है (18)। इस दर्द से राहत पाने के लिए कई महिलाएं दवा का सेवन करती है। ऐसे में किसी एलोपैथिक दवा के साथ चुकंदर का उपयोग फायदेमंद हो सकता है। एक शोध में यह बताया गया है कि मासिक धर्म के दौरान चुकंदर का सेवन महिला के लिए लाभदायक हो सकता है (11)। माहवारी के संबंध में बेनिफिट्स ऑफ चुकंदर पर अभी और शोध की आवश्यकता है।

16. यौन स्वास्थ्य में बीट के फायदे

चुकंदर खाने के फायदों में यौन स्वास्थ्य भी आता है। बताया जाता है कि बीटरूट का उपयोग यौन क्रिया संबंधी हॉर्मोन को बढ़ाने में मदद कर सकता है (19)। इसकी सटीक कार्यप्रणाली पर फिलहाल अभी और शोध की जरूरत है, लेकिन यह कहा जा सकता है कि इसके पीछे चुकंदर के गुण शामिल हैं। इसके जूस में मौजूद नाइट्रिक ऑक्साइड काम कर सकता है। बताया जाता है कि यह पेनाइल इरेक्टाइल डिसफंक्शन को ठीक करने यानी पुरुषों में नपुंसकता को ठीक करने में मदद कर सकता है (20)।

17. त्वचा के लिए चुकंदर के लाभ

हमारी त्वचा को कई बाहरी चीजें जैसे धूप, मिट्टी व प्रदूषण आदि नुकसान पहुंचा सकते हैं। इनके कारण रूखी त्वचा, डर्मेटाइटिस और सोरायसिस (लाल त्वचा, खुजलीदार चकत्ते और पपड़ी) जैसी समस्या हो सकती है। इनसे बचने के लिए त्वचा की सबसे ऊपरी परत को सुरक्षित रखना जरूरी होता है। इसके लिए चुकंदर का उपयोग किया जा सकता है। चुकंदर का अर्क ग्लूकोसिलेरैमाइड (glucosylceramide) नामक तत्व से समृद्ध होता है, जो त्वचा की ऊपरी परत को सुरक्षित बनाए रखने में मदद कर सकता है (21)। इसलिए, त्वचा के लिए चुकंदर का लाभ उठाने के चुकंदर के जूस का सेवन किया जा सकता है।

18. बालों के लिए चुकंदर के लाभ

आजकल कई लोग अपने बालों को कलर करना पसंद करते हैं, लेकिन बाजार में मिलने वाले डाई में केमिकल होने के कारण उनका उपयोग करने से कतराते हैं। इसलिए, ज्यादातर लोग प्राकृतिक डाई की तरफ आकर्षित हो रहे हैं। ऐसे में चुकंदर के जूस का भी उपयोग किया जा सकता है। बालों के लिए चुकंदर के लाभ उठाने के लिए मेहंदी के साथ चुकंदर के जूस को 50:50 के रेश्यो में मिलकर लगाने से बालों को बेहतरीन रंग मिल सकता है (22)।

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यह जानने के बाद कि चुकंदर खाने से क्या लाभ होता है, जानिए इसमें मौजूद पोषण के बारे में।

चुकंदर के पौष्टिक तत्व – Beetroot Nutritional Value in Hindi

चुकंदर में विटामिन, मिनरल और अन्य पोषक तत्वों की प्रचुर मात्रा पाई जाती है। लेख के इस भाग में जानिए कि चुकंदर में कौन सा विटामिन पाया जाता है। साथ ही इसमें मौजूद अन्य मिनरल और लिपिड के बारे में भी जानें नीचे (11)।

पोषक तत्वमात्रा प्रति 100 ग्राम
पानी87.5 ग्राम
ऊर्जा43 kcal
फैट0.17 ग्राम
प्रोटीन1.61 ग्राम
कार्बोहाइड्रेट्स9.56 ग्राम
फाइबर2.8 ग्राम
मिनरल
पोटैशियम325 मिलीग्राम
सोडियम78 मिलीग्राम
फॉस्फेट40 मिलीग्राम
कैल्शियम16 मिलीग्राम
मैग्नीशियम23 मिलीग्राम
आयरन0.80 मिलीग्राम
जिंक0.30 मिलीग्राम
विटामिन
विटामिन सी4.9 मिलीग्राम
विटामिन बी20.040 मिलीग्राम
विटामिन बी60.067 मिलीग्राम
विटामिन ए36 IU
विटामिन ई0.300 मिलीग्राम
नियासिन0.334 मिलीग्राम

अंत तक पढ़ें लेख

सेहत, त्वचा और बालों के लिए चुकंदर के लाभ और पोषण तत्व के बाद इसके उपयोग के बारे में जानते हैं।

चुकंदर को अपने आहार में कैसे शामिल करें?

  • कच्चा – चुकंदर के फायदे उठाने के लिए आप इसे कच्चा खा सकते हैं। इसे काटकर और फिर उस पर हल्का नमक व नींबू छिड़क कर खाएं।
  • पनीर के साथ भुना हुआ – बीट को तब तक भूनें, जब तक कि वह नरम और रसदार न हो जाए। भुने हुए चुकंदर के साथ पनीर मिलाकर खाएं।
  • जूस – आप चुकंदर का रस निकाल कर रोजाना पी सकते हैं।
  • सलाद के रूप में – चुकंदर खाने के फायदे इसे भोजन के साथ सलाद के रूप में खाने पर भी मिल सकते हैं। आप इसके साथ प्याज भी मिला सकते हैं।
  • सब्जी – आप चुकंदर की सब्जी बनाकर भी खा सकते हैं।
  • रायता – बीट के लाभ इसका रायता बनाकर खाने से भी उठाए जा सकते हैं।

बने रहें हमारे साथ

आगे आप जानेंगे चुकंदर खाने का समय और उसकी मात्रा से जुड़ी मात्रा के बारे में।

एक दिन में कितना चुकंदर खाना चाहिए?

इस बारे में कोई वैज्ञानिक प्रमाण उपलब्ध नहीं है कि चुकंदर कब और कितना खाना चाहिए। माना जाता है कि रोज एक गिलास चुकंदर का जूस या सलाद में आधा चुकंदर शामिल किया जा सकता है। किसी खास बीमारी या समस्या के लिए चुकंदर का उपयोग करने से पहले डॉक्टर से परामर्श करना अच्छा विचार हो सकता है।

आगे है रोचक जानकारी

लेख के अगले भाग में जानिए चुकंदर का जूस बनाने का तरीका।

चुकंदर का जूस बनाने का तरीका

चुकंदर के फायदे उठाने के लिए नीचे बताई गई विधि से चुकंदर का रस बनाया जा सकता है।

सामग्री :

  • दो माध्यम आकार के चुकंदर
  • आधा चम्मच शक्कर (वैकल्पिक)
  • पांच-छह पुदीने की पत्तियां
  • एक इंच अदरक
  • नींबू (वैकल्पिक)

विधि : 

  • चुकंदर को छीलकर उसके छोटे-छोटे टुकड़े कर लें।
  • इसके बाद अदरक को भी छीलकर उस छोटे-छोटे टुकड़ों में काट लें।
  • अब एक ब्लेंडर में चुकंदर, अदरक, शक्कर और पुदीने की पत्तियां डालकर ब्लेंड कर लें।
  • इसके बाद एक छन्नी की मदद से पिसे हुए गूदे को छानकर एक गिलास में जूस निकाल लें।
  • आखिरी में आप स्वाद के लिए इसमें दो-तीन बूंद नींबू का रस भी मिला सकते हैं।

बने रहें हमारे साथ

आगे जानिए सही चुकंदर चुनने और उसे फ्रेश रखने का तरीका।

चुकंदर का चयन कैसे करें और इसे लंबे समय तक सुरक्षित कैसे रखें?

आप जब भी चुकंदर खरीदने जाते हैं, तो ऐसे चुकंदर का चयन करें जिनकी ऊपरी परत एकदम साफ हो। पूरी तरह से दाग-धब्बों से मुक्त फल का चयन करें। मुरझाए हुए चुकंदर या मुरझाई हुई पत्तियों के साथ रखे चुकंदर को खरीदने से बचें।

चुकंदर को लंबे समय तक ताजा रखने के लिए इन्हें फ्रिज में एयर टाइट प्लास्टिक जिप बैग में रखा जा सकता है। इससे ये लगभग दो हफ्ते तक फ्रेश बने रह सकते हैं। इसकी पत्तियों और तने को जल्दी ही उपयोग कर लें। ये जल्दी खराब हो जाते हैं (1)।

अंत तक पढ़ें लेख

लेख के अगले भाग में आप चुकंदर के नुकसान के बारे में जानेंगे।

चुकंदर के नुकसान – Side Effects of Beetroot in Hindi

सही मात्रा में उपयोग न करने से चुकंदर और चुकंदर के जूस के नुकसान उठाने पड़ सकते हैं, जिनके बारे में नीचे विस्तार से बताया गया है।

  • इसमें समृद्ध मात्रा में डाइट्री ऑक्सालेट पाया जाता है, जिसका अधिक सेवन पथरी का कारण बन सकता है (23)।
  • चुकंदर के अधिक सेवन से लिवर में मेटल जमा हो सकता है। यह पोर्फिरीया कटानिया टार्डा (खून की बीमारी जो त्वचा को प्रभावित करती है), आयरन की कमी या पेट से जुड़ी समस्याओं का कारण बन सकता है (24)।
  • इसका ज्यादा उपयोग बीटूरिया (यूरिन का रंग बदलना) का कारण भी बन सकता है। इससे शरीर को कोई नुकसान नहीं होता, लेकिन कुछ लोग इससे परेशान हो सकते हैं (25)।
  • कुछ लोगों को बीटरूट से एलर्जी हो सकती है। इससे अर्टिकेरिया (त्वचा पर लाल, खुजलीदार और जलनशील चक्कते), सांस लेने में तकलीफ और आंखों व नाक में समस्या हो सकती है (26)।
  • चुकंदर के नुकसान में लाल मल आने की शिकायत भी शामिल है, जिसे कलर स्टूल कहा जाता है (27)।

दोस्तों, हमेशा कोशिश करें कि सामान्य शारीरिक तकलीफों के उपचार के लिए आप प्राकृतिक औषधियों पर भरोसा करें, ताकि केमिकल युक्त दवाइयों और उनके साइड इफेक्टस से दूर बनी रहे। इस लेख के जरिए आपने यह समझ लिया है कि चुकंदर खाने से क्या फायदा है। आशा है कि इस लेख में चुकंदर खाने के फायदे और नुकसान जाने के बाद आप इसे अपनी जीवनशैली का हिस्सा जरूर बनाएंगे। वहीं, आपने यह भी जान लिया है कि चुकंदर में क्या पाया जाता है। अब आप इसका उपयोग अपनी जरूरत के अनुसार कर सकते हैं। पसंद आने पर चुकंदर के फायदे और नुकसान वाला यह लेख अपने दोस्तों के साथ शेयर करना न भूलें।

लेख के अंतिम भाग में आप पाठकों के सवाल और उनके जवाब पढ़ेंगे।

अक्सर पूछे जाने वाले सवाल

खाली पेट चुकंदर खाने के फायदे क्या हैं?

कुछ लोगों का मानना है कि खाली पेट चुकंदर खाने के फायदे वजन कम करने में मिल सकते हैं। इसके लिए रोज सुबह खाली पेट एक गिलास चुकंदर का रस पिया जा सकता है।

क्या चुकंदर रोज खाया जा सकता है?

जी हां, चुकंदर को रोज सलाद के रूप में खाया जा सकता है।

क्या चुकंदर को कच्चा खाया जा सकता है?

जी हां, चुकंदर को सलाद की तरह कच्चा खा सकते हैं।

बीटरूट में कितनी कैलरी होती है?

100 ग्राम बीटरूट में 43kcal पाई जाती हैं।

क्या मैं चुकंदर का छिलका खा सकती हूं?

जी नहीं, चुकंदर का छिलका उतार कर अंदर का फल खाने के लिए होता है।

क्या चुकंदर की स्टेम खाई जा सकती है?

जी हां, चुकंदर की सब्जी में इसके पत्ते और स्टेम भी मिलाए जा सकते हैं।

क्या बच्चे चुकंदर का सेवन कर सकते हैं?

जी हां, इसका सेवन बच्चों के लिए किया जा सकता है।

क्या चुकंदर शरीर को डिटॉक्सिफाई करता है?

चुकंदर शरीर में ग्लूटेथिओन की मात्रा को बढ़ाने में मदद करता है। यह तत्व शरीर को डिटॉक्सिफाई करने में मदद कर सकता है (12)।

चुकंदर खाने का सही समय क्या होता है?

चुकंदर खाने का समय निश्चित नहीं है। इसका उपयोग रोज सलाद में या सुबह जूस के रूप में किया जा सकता है।

चुकंदर ठंडा होता है या गरम?

कई लोगों के मन में सवाल उठता है कि चुकंदर गर्म होता है या ठंडा, तो हम बता दें कि इसकी तासीर ठंडी होती है।

27 संदर्भ (Refrences) :

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Soumya Vyas

सौम्या व्यास ने माखनलाल चतुर्वेदी विश्वविद्यालय, भोपाल से इलेक्ट्रॉनिक मीडिया में बीएससी किया है और इंडियन इंस्टिट्यूट ऑफ जर्नलिज्म एंड न्यू मीडिया, बेंगलुरु से टेलीविजन मीडिया में पीजी किया है। सौम्या एक प्रशिक्षित डांसर हैं। साथ ही इन्हें कविताएं लिखने का भी शौक है। इनके सबसे पसंदीदा कवि फैज़ अहमद फैज़, गुलज़ार और रूमी हैं। साथ ही ये हैरी पॉटर की भी बड़ी प्रशंसक हैं। अपने खाली समय में सौम्या पढ़ना और फिल्मे देखना पसंद करती हैं।

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