वजन कम करने के लिए कलौंजी का उपयोग – Kalonji for Weight Loss in Hindi

by

वजन कम करने की चाहत रखने वालों के बीच कलौंजी काफी लोकप्रिय है। आपने कई लोगों से सुना होगा कि मोटापा कम करने के लिए कलौंजी का इस्तेमाल कर लो। इस बात को कह तो हर कोई देता है, लेकिन क्या आप जानते हैं कि इसके पीछे कितनी सच्चाई है। अगर नहीं, तो स्टाइलक्रेज के इस लेख को पढ़ें। यहां हमने वजन कम करने के लिए कलौंजी का उपयोग करना कितना फायदेमंद है, इसके बारे में विस्तार से बताया है। इस आर्टिकल में मोटापा कम करने के लिए कलौंजी से संबंधित पूरी जानकारी रिसर्च के आधार पर दी गई है। बस तो इस बारे में जानने के लिए लेख को अंत तक पढ़ें।

स्क्रॉल करें

चलिए, सबसे पहले जानते हैं कि कलौंजी का सेवन वजन कम करने में फायदेमंद है या नहीं।

वजन घटाने में कलौंजी क्यों फायदेमंद है? – Kalonji for Weight Loss in Hindi

हां, वजन को कुछ कम करने में कलौंजी मददगार साबित हो सकती है। यह वजन व मोटापा कम करने में कितनी कारगर है, यह जानने के लिए लेख को आगे पढ़ें।

1. भूख को नियंत्रित करे

बताया जाता है कि कलौंजी का सेवन करने से भूख को नियंत्रित करने में मदद मिल सकती है। इस संबंध में प्रकाशित एक शोध में भी इस बात का जिक्र मिलता है। रिसर्च में कहा गया है कि कलौंजी भूख को नियंत्रित करने के साथ ही आंतों में ग्लूकोज को अवशोषित होने से रोक सकती है (1)। परिणाम स्वरूप मोटापा कम करने के लिए कलौंज मददगार साबित हो सकती है।

एक अन्य शोध में इसे भूख को नियंत्रित नहीं, बल्कि बढ़ाने वाला कहा गया है। एनसीबीआई द्वारा पब्लिश इस रिसर्च पेपेर की मानें, तो यह अपच को दूर करने के साथ ही भूख को बढ़ाने वाला गुण प्रदर्शित करता है (2) ऐसे में इस संबंध में और वैज्ञानिक शोध की आवश्यकता है, जिससे यह स्पष्ट हो सके कि इससे भूख बढ़ती है या कम होती है।

2. लो कैलोरी

लो कैलोरी डाइट का सेवन करने से वजन कम करने में मदद मिल सकती है (3)। कलौंजी की 3 ग्राम मात्रा में महज 12 कैलोरी होती है (4)। ऐसे में इसे लो कैलोरी डाइट में शामिल किया जा सकता है। कलौंजी के संबंध में हुए एक रिसर्च में कहा गया है कि इससे बनने वाले तेल को कम कैलोरी डाइट में शामिल करने से तीन महीने में वजन कुछ कम हो सकता है (5)।

मोटापे से ग्रस्त कुछ महिलाओं पर हुए एक अन्य अध्ययन में भी इस बात की पुष्टि हुई है। उनके डाइट में लो कैलोरी फूड के साथ कलौंजी के तेल को शामिल किया गया। सभी महिलाओं के दिनभर के तीनों आहार से पहले उन्हें एक-एक ग्राम कलौंजी ऑयल दिया गया, जिससे उनके वजन और कमर के आसपास की चर्बी में कमी देखी गई।  (6)।

3. एंटी ओबेसिटी प्रभाव

मोटापा कम करने में कलौंजी में एंटीओबेसिटी प्रभाव भी होता है। एनसीबीआई द्वारा प्रकाशित एक रिसर्च पेपर में भी इस बात का जिक्र मिलता है। इस तेल के साथ ही नियमित रूप से व्यायाम करने से मोटापे के साथ ही इसके कारण होने वाली बीमारियों को दूर किया जा सकता है (7)।  एक अन्य रिसर्च में भी कहा गया है कि आठ हफ्तों तक कलौंजी का सेवन करने से व्यस्कों के वजन और बॉडी मास इंडेक्स में कमी आ सकती है (8)।

नोट : कलौंजी पर हुए रिसर्च के आधार पर कहा जा सकता है कि वजन कम करने के लिए कलौंजी अकेले मददगार नहीं है। हां, इसे लो कैलोरी डाइट में शामिल करके और साथ में व्यायाम करके वजन कम हो सकता है।

आगे और जानकारी है

लेख में आगे जानिए कि वजन कम करने के लिए कलौंजी को कितनी मात्रा में लिया जा सकता है।

वजन कम करने के लिए कलौंजी के प्रतिदिन की खुराक क्या होना चाहिए?

मोटापा कम करने के लिए कलौंजी पर की गई रिसर्च के आधार पर बात करें, तो एक दिन में इसके 3g तेल का सेवन किया जा सकता है। शोध के दौरान इसे हर बार खाने से पहले एक-एक ग्राम दिया गया (6)। साथ ही तीन महीने तक तीन ग्राम कलौंजी का सेवन करने से भी लोगों को फायदा हुआ। साथ ही दिन में दो बार 750 mg कलौंजी के आटे को डाइट में शामिल करने वालों पर भी सकारात्मक प्रभाव देखा गया है (5)।

लेख में बने रहिए

अब एक नजर कलौंजी का सेवन करते समय बरती जाने वाली सावधानियों पर डाल लेते हैं।

ध्यान रखने योग्य बातें – Points to Remember: Side effect of Kalonji In Hindi

कलौंजी को सामान्य तौर पर सुरक्षित ही बताया जाता है। रिसर्च पेपर में भी कहा गया है कि यह ऐसे बीज हैं, जिनका सेवन लंबे समय तक करना सेफ हो सकता है (9)। हां, मोटापा कम करने के लिए कलौंजी का सेवन करने से पहले व करते समय कुछ बातों पर जरूर गौर करें।

  • एक ही बार में अधिक मात्रा में कलौंजी का सेवन न करें।
  • किसी बीमारी से जूझ रहे हैं, तो वेट लॉस डाइट में इसे शामिल करने से पहले डॉक्टर से सलाह लें।
  • संवेदनशील लोगों को इसका सेवन करने से स्किन एलर्जी हो सकती है।
  • कुछ लोगों में कलौंजी से विषाक्तता भी हो सकती है। ऐसे में इसका सेवन करने के बाद कुछ अलग लक्षण नजर आएं, तो तुरंत इसे खाना छोड़ दें।
  • इससे ब्लड ग्लूकोज लेवल काफी कम हो सकता है, इसलिए इससे संबंधित दवा लेने वालों को कलौंजी के सेवन से बचना चाहिए (9)।
  • कलौंजी में थाइमोक्विनोन कंपाउंड होता है। इसकी मात्रा शरीर में बढ़ने से रक्त के थक्के जमने की प्रक्रिया (Blood Coagulation) धीमी हो सकती है। ऐसा होने से हल्की चोट लगने पर भी रक्तस्राव हो सकता है (10)।

आप जान ही गए होंगे कि कलौंजी किस तरह से वजन कम करने में मदद कर सकती है। इसे वजन कम करने वाले आहार में शामिल करने के साथ ही पोषक तत्वों से भरपूर अन्य खाद्य पदार्थों का भी सेवन करें। सिर्फ कलौंजी पर ही निर्भर रहकर वजन को कम नहीं किया जा सकता है। डाइट में कलौंजी को जगह देने के साथ ही वजन कम करने के लिए व्यायाम और अन्य शारीरिक गतिविधियों को करते रहना भी जरूरी है। तभी कलौंजी शरीर पर अपना असर दिखा सकती है।

अक्सर पूछे जाने वाले सवाल

कलौंजी खाने से मेरा कितना वजन कम हो सकता है?

कलौंजी से कितना वजन कम होगा यह इसके साथ ली जाने वाली अन्य डाइट और शारीरिक गतिविधियों पर निर्भर करता है।

क्या हम कलौंजी रोज खा सकते हैं?

हां, रिसर्च में इसका सेवन लंबे समय तक के लिए भी सुरक्षित बताया गया है। इस आधार पर इसे रोज खा सकते हैं (9)।

क्या हम कलौंजी के बीज सीधे खा सकते हैं?

हां, इसे सीधे भी खा सकते हैं।

अपने पेट को साफ करने के लिए मैं कलौंजी का उपयोग कैसे कर सकता हूं?

कलौंजी के पाउडर को पानी में मिलाकर या नींबू के जूस में मिलकर उपयोग कर सकते हैं।

क्या मुझे कलौंजी को खाली पेट लेना चाहिए?

हां, आप कलौंजी को खाली पेट खा सकते हैं (11)।

क्या वजन कम करने के लिए काले बीज का इस्तेमाल किया जा सकता है?

हां, मोटापा कम करने के लिए कलौंजी यानी काले बीज का इस्तेमाल कर सकते हैं। साथ ही ध्यान रहे कि वजन कम करने के लिए सिर्फ इस पर ही निर्भर न रहें।

11 Sources

Was this article helpful?

ताज़े आलेख

scorecardresearch