तैलीय त्वचा (ऑयली स्किन) हटाने के लिए घरेलू उपाय – Home Remedies for Oily Skin in Hindi

Medically reviewed by Suvina Attavar (Dermatologist & Hair transplant surgeon)
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हर किसी की त्वचा एक जैसी नहीं होती है और हर त्वचा की अपनी परेशानियां है। ऑयली स्किन भी उन्हीं में से एक है। तैलीय त्वचा वाले लोगों को कील-मुंहासे और हर वक्त चिपचिपी त्वचा की समस्या का सामना करना पड़ता है। ऐसे में इनसे बचने के लिए लोग कई बार ऑयली स्किन के ट्रीटमेंट भी लेते हैं। हालांकि, इतना सब कुछ करने के बाद भी चेहरे पर हल्का ऑयल हर समय बना रहता है। इसी बात को ध्यान में रखते हुए हम स्टाइलक्रेज के इस लेख में ऑयली फेस से छुटकारा पाने के आसान तरीके बता रहे हैं। ऑयली स्किन ट्रीटमेंट से हटकर, यहां तैलीय त्वचा के घरेलू उपाय दिए जा रहे हैं। अगर मन में यह सवाल आए कि ऑयली स्किन के लिए क्या करें? तो यहां बताए गए तैलीय त्वचा के घरेलू उपाय पर जरूर गौर करें।

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ऑयली स्किन के लिए क्या करें यह जानने से पहले त्वचा ऑयली क्यों होती है, इसका पता लगाते हैं।

मेरी त्वचा इतनी तैलीय क्यों है? – Why Is My Skin So Oily?

तैलीय त्वचा सेबेशियस ग्लैंड्स (sebaceous glands) से सीबम (फैट युक्त तैलीय पदार्थ) के अधिक उत्पादन का नतीजा होता है। इससे त्वचा चिपचिपी और चमकदार दिखने लगती है (1) (2)। ऐसा नहीं है कि सीबम उत्पादन हमेशा ही त्वचा के लिए बुरा हो। त्वचा को स्वस्थ रखने के लिए सीबम उपयोगी भी हो सकता है, लेकिन जब सेबेशियस ग्लैंड्स से अधिक सीबम निकलने लगे, तो यह तैलीय त्वचा का कारण बन जाती है (3)।

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अब जानते हैं ऑयली त्वचा होने के कारणों के बारे में।

तैलीय त्वचा के कारण – Causes of Oily Skin in Hindi

ऑयली स्किन के लिए घरेलू उपाय जानने से पहले जानते हैं ऑयली त्वचा होने के कारणों के बारे में। यह तो आप जान गए कि अधिक सीबम उत्पादन के कारण त्वचा तैलीय हो जाती है, लेकिन इसके पीछे क्या कारण है यह जानना भी तो जरूरी है। इसी बात को ध्यान में रखते हुए लेख के इस भाग में हम ऑयली स्किन के कुछ अन्य कारणों को बता रहे हैं, जो इस प्रकार है :

  1. हॉर्मोन में बदलाव – जीवन के विभिन्न स्तरों पर महिलाओं के शरीर में कई तरह के हॉर्मोनल बदलाव होते हैं। फिर चाहे वह किशोरावस्था में हो, गर्भावस्था में हो या मेनपॉज हो। ऐसे में ऑयली त्वचा होने के कारणों में हॉर्मोनल उतार-चढ़ाव भी शामिल है। दरअसल, शरीर में ग्रोथ हॉर्मोन (प्रोटीन हार्मोन) का अधिक होना ऑयली स्किन का कारण हो सकता है (4)। यहां तक ​​कि पुरुषों में भी किशोरावस्था में होने वाले हार्मोनल परिवर्तन अत्यधिक सीबम उत्पादन का कारण बन सकते हैं।
  2. आनुवंशिक – अगर किसी के माता-पिता या परिवार के किसी सदस्य की त्वचा तैलीय है, तो उनके बच्चों की त्वचा भी तैलीय हो सकती है (1)। इसके अलावा, एपर्ट सिंड्रोम (Apert syndrome), जो कि आनुवंशिक विकार है, इसमें भी तैलीय त्वचा होने के लक्षण देखे जा सकते है (5)।
  3. मौसम में बदलाव– जैसे ही मौसम बदलता है, तो इसका असर त्वचा और चेहरे पर दिखाई देने लगता है। सीबम का उत्पादन वातावरण और मौसम के अनुसार भी बदलता रहता है। कई शोध में वसंत और गर्मियों के दौरान और अधिक आर्द्र जलवायु (humid climate) में सीबम के उत्पादन में वृद्धि देखी गई है (6)।
  4. डाइट – तैलीय त्वचा होने का थोड़ा-बहुत कारण डाइट भी हो सकता है। पौष्टिक तत्व युक्त खाद्य पदार्थों का सेवन न करना भी ऑयली स्किन का कारण बन सकता है (7)। वहीं, डॉक्टरों का मानना है कि अधिक शुगर युक्त खाद्य पदार्थ और दूध युक्त खाद्य पदार्थ भी तैलिय त्वचा का कारण हो सकता है।
  5. तनाव – तनाव के कारण कई तरह की स्वास्थ्य या त्वचा संबंधी समस्याएं हो सकती हैं और ऑयली त्वचा उन्हीं में से एक है (7)। ऑयली त्वचा में मुंहासों की समस्या भी हो सकती है, जो स्ट्रेस के कारण और ज्यादा हो सकता है (1) (8)।
  6. देखभाल न होना – शरीर के साथ-साथ त्वचा की देखभाल होना भी जरूरी है। अगर त्वचा की सही देखभाल न हो, तो भी तैलीय त्वचा की समस्या हो सकती है (7)। ऐसे में सही स्किन केयर रूटीन का पालन करना भी जरूरी है। वहीं, त्वचा विशेषज्ञ की मानें तो कुछ खास तरह के क्रीम और कॉस्मेटिक प्रोडक्ट का उपयोग भी तैलीय त्वचा का कारण सकते हैं।

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अब जानते हैं कि तैलीय त्वचा के लक्षण क्या हो सकते हैं।

ऑयली स्किन के लक्षण – Signs And Symptoms of Oily Skin in Hindi

कई बार ऑयली त्वचा के लक्षणों को लेकर लोगों को उलझन होती है। ऐसे में इससे पहले कि तैलीय त्वचा के घरेलू उपाय जानें, यह जान लेना जरूरी है कि तैलीय त्वचा के लक्षण क्या है। लेख के इस भाग में हम ऑयली स्किन के लक्षण की जानकारी दे रहे हैं, जो कुछ इस प्रकार है (9) :

  • त्वचा चिपचिपी लग सकती है।
  • त्वचा चिपचिपी होने के साथ-साथ चमकदार भी लग सकती है।
  • बार-बार मुंहासे निकल सकते हैं।
  • चेहरे पर बड़े छिद्र हो सकते हैं।

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अब जानेंगे ऑयली स्किन के लिए घरेलू उपचारों के बारे में, तो यहां पढ़ें कि ऑयली स्किन के लिए क्या करना चाहिए।

तैलीय त्वचा (ऑयली स्किन) के लिए घरेलू उपाय – Home Remedies for Oily Skin in Hindi

ऑयली फेस से छुटकारा पाने के लिए यहां हम तैलीय त्वचा के घरेलू उपाय के बारे में बता रहे हैं। इन्हें उपयोग करना आसान है और ये स्किन केयर टिप्स फॉर ऑयली स्किन काफी हद तक लाभकारी हो सकते हैं। आयल स्किन केयर के लिए फेस पैक कुछ इस प्रकार हैं :

1. गुलाब जल

सामग्री :

  • आवश्यकता अनुसार गुलाब जल
  • एक कॉटन बॉल या रूई

उपयोग करने का तरीका :

  • कॉटन बॉल या फिर रूई के छोटे से टुकड़े को गुलाब जल में भिगोएं।
  • अब इस से चेहरे को साफ करें।

कैसे है फायदेमंद :

आयल स्किन केयर के लिए गुलाब जल का उपयोग कई फेस पैक में किया जाता रहा है। त्वचा के लिए गुलाब जल के फायदे कई सारे हैं। उन्हीं में शामिल है ऑयली स्किन से बचाव। गुलाब जल त्वचा से अत्यधिक तेल को नियंत्रित करने में सहायक हो सकता है। इसके अलावा, गुलाब जल त्वचा के पीएच को संतुलित करने और कील-मुंहासों की समस्या से बचाव करने में भी लाभकारी हो सकता है (10)। ऑयली फेस से छुटकारा पाने के लिए गुलाब जल का उपयोग स्किन टोनर के रूप में भी किया जा सकता है। त्वचा के लिए गुलाब जल का उपयोग सुबह और रात दोनों वक्त किया जा सकता है।

2. मुल्तानी मिट्टी

सामग्री :

  • दो चम्मच मुल्तानी मिट्टी
  • एक चम्मच ताजा दही
  • दो-तीन बूंद नींबू का रस
  • एक कटोरी

उपयोग करने का तरीका :

  • इन सभी सामग्रियों को एक कटोरी में डालकर मिक्स करके पेस्ट बना लें।
  • अब चेहरे को पानी से अच्छे से धो लें और तौलिये से पोंछ लें।
  • इसके बाद इस पेस्ट को अपने पूरे चेहरे और गर्दन पर लगाएं।
  • जब फेस पैक पूरी तरह से सूख जाए, तो ठंडे पानी से चेहरा धो लें।

कैसे है फायदेमंद :

त्वचा के लिए मुल्तानी मिट्टी के फायदे कई सारे हैं। उन्हीं में से एक लाभ में शामिल है, तैलीय त्वचा से बचाव। मुल्तानी मिट्टी त्वचा में छिपी हुई तेल और जमी हुई गंदगी को निकाल सकती है। इसके साथ ही इसका उपयोग रोमछिद्रों को साफ कर तैलीय त्वचा की समस्या से राहत दिला सकता है (11)। वहीं, इसमें नींबू का उपयोग भी किया गया है, जो मुंहासों के लिए लाभकारी हो सकता है (12)। इसके अलावा, इस फेस पैक में दही का उपयोग किया गया है, जो त्वचा को स्वस्थ रखने में मददगार साबित हो सकता है (13)। ऑयली स्किन के लिए यह टिप्स भी अच्छा विकल्प हो सकता है। हालांकि, अगर किसी की त्वचा संवेदनशील है, तो दही और नींबू के साथ न लगाकर, मुल्तानी मिट्टी के फेस पैक को गुलाब जल के साथ लगा सकते हैं।

3. मसूर की दाल

सामग्री :

  • आधा कप मसूर की दाल
  • एक तिहाई कप कच्चा दूध
  • दो से तीन बूंद बादाम तेल

उपयोग करने का तरीका :

  • मसूर की दाल को रातभर पानी में भिगोकर रखें और अगली सुबह इसे अच्छी तरह पीस लें।
  • अब इसमें दूध और बादाम तेल मिलाकर गाढ़ा पेस्ट बना लें।
  • इस फेस पैक को चेहरे पर लगाकर करीब 20 मिनट तक सूखने दें।
  • अब चेहरे को ठंडे पानी से अच्छी तरह धो लें।

कैसे है फायदेमंद :

ऑयली स्किन ट्रीटमेंट के रूप में हर घर में आसानी से उपलब्ध मसूर दाल भी उपयोगी हो सकती है। मसूर दाल का यह फेस पैक त्वचा के एक्स्ट्रा ऑयल को निकालने में सहायक हो सकता है। इतना ही नहीं, यह त्वचा को जवां और स्वस्थ बनाने में भी मददगार साबित हो सकता है (14)। वहीं, दूध का उपयोग त्वचा के दाग-धब्बों को कम करने और त्वचा को हाइड्रेट करने में उपयोगी हो सकता है (15)। इस फेस पैक में बादाम तेल का उपयोग भी किया गया है, जिससे त्वचा की रंगत में निखार आ सकता है (16)।

4. नीम

सामग्री :

  • नीम की 9-10 पत्तियां
  • 3-4 चुटकी हल्दी पाउडर

उपयोग करने का तरीका :

  • नीम की पत्तियों को पानी में भिगोकर अच्छी तरह से पीस लें, ताकि उसका पेस्ट बन जाए।
  • अब इसमें हल्दी पाउडर डाल दें।
  • अगर पेस्ट गाढ़ा हो गया हो, तो उसे पतला करने के लिए पानी की कुछ बूंदें डाल सकते हैं।
  • अब चेहरे को पानी से धोकर पेस्ट लगा लें।
  • जब पेस्ट सूख जाए, तो चेहरा पानी से धो लें।

कैसे है फायदेमंद :

आयुर्वेदिक औषधि के रूप में अक्सर नीम का उपयोग स्वास्थ्य और त्वचा के लिए किया जाता रहा है। यह भी स्किन केयर टिप्स फॉर ऑयली स्किन के लिए अच्छा उपाय हो सकता है। नीम में मौजूद एंटी-इन्फ्लेमेटरी और एंटीसेप्टिक गुण तैलीय और मुंहासों वाली त्वचा के लिए लाभकारी हो सकता है। वहीं, हल्दी सेबेशियस ग्लैंड्स से तेल स्राव को कम कर, ऑयली स्किन के लिए उपयोगी हो सकती है। ऐसे में नीम के साथ हल्दी के उपयोग वाला यह फेस पैक ऑयली स्किन के लिए एक अच्छा विकल्प हो सकता है (17)। चाहें तो इस फेस पैक में त्वचा के लिए कच्ची हल्दी का उपयोग भी कर सकते हैं। हालांकि, ध्यान रहे कुछ लोगों को हल्दी से एलर्जी हो सकती है, ऐसे में इस फेस पैक के उपयोग से पहले पैच टेस्ट जरूर करें।

5. संतरे का छिलका

सामग्री :

  • तीन चम्मच संतरे के छिलके का पाउडर
  • चार चम्मच दूध
  • दो से चार चम्मच गुलाब जल

उपयोग करने का तरीका :

  • संतरे के छिलके को दो-तीन दिन धूप में सूखा लें और फिर उसे पीसकर पाउडर बना लें। हालांकि, यह पाउडर बाजार में भी मिल जाता है।
  • इन सभी सामग्रियों को एक कटोरी में मिक्स कर लें और चेहरे पर लगाएं।
  • करीब 15-20 मिनट बाद चेहरे को पानी से धो लें।

कैसे है फायदेमंद :

ऑयली स्किन के लिए घरेलू उपाय के तौर पर संतरे के छिलके का यह फेस पैक भी उपयोगी हो सकता है। दरअसल, संतरे का छिलका पोषक तत्व और एंटीऑक्सीडेंट गुणों से भरपूर होता है, जो त्वचा को जरूरत से ज्यादा शुष्क या तैलीय होने से बचा सकता है (18)। ऐसे में यह पैक न सिर्फ तैलीय त्वचा का उपाय हो सकता है, बल्कि रूखी त्वचा के लिए भी उपयोगी हो सकता है।

6. एलोवेरा जेल

सामग्री

  • आवश्यकतानुसार एलोवेरा जेल

उपयोग करने का तरीका :

  • एलोवेरा की एक पत्ती को धो लें और उसे काटकर अंदर के पीले रंग के पदार्थ (लैटेक्स) को निकाल दें।
  • अब एक बार फिर उसे धो लें और चम्मच या चाक़ू की मदद से एलोवेरा जेल को निकालकर चेहरे पर लगा लें।
  • अगर घर में एलोवेरा पेड़ न हो, तो बाजार में मिलने वाले एलोवेरा जेल का उपयोग भी कर सकते हैं।

कैसे है फायदेमंद :

एलोवेरा के फायदे सेहत और त्वचा दोनों के लिए है। कई कॉस्मेटिक प्रोडक्ट में एलोवेरा का उपयोग किया जाता है। ऐसे में इसका उपयोग ऑयली स्किन के लिए मॉइस्चराइजर के तौर पर किया जा सकता है (19)। यह त्वचा में आसानी से अवशोषित हो सकता है, जिस कारण यह तैलीय त्वचा के लिए चिपचिपा नहीं हो सकता है। इसके अलावा, हमने पहले ही जानकारी दी थी कि कई बार ऑयली स्किन के लोगों को मुंहासों की समस्या का भी सामना करना पड़ जाता है। ऐसे में एलोवेरा में मौजूद एंटी-एक्ने गुण इस समस्या से बचाव कर सकते हैं (20)।

7. बेसन

सामग्री :

  • चार चम्मच बेसन
  • पेस्ट बनाने के लिए आवश्यकतानुसार गुलाब जल
  • एक बाउल

उपयोग करने का तरीका :

  • एक बाउल में बेसन और गुलाब जल को मिलाकर पेस्ट बना लें।
  • अब इस पेस्ट को चेहरे और गर्दन पर समान मात्रा में लगाएं।
  • थोड़ी देर सूखने दें और फिर ठंडे पानी से धो लें।

कैसे है फायदेमंद :

त्वचा के लिए बेसन के फायदे की बात करें, तो यह न सिर्फ त्वचा से तेल को कम कर सकता है, बल्कि त्वचा को एक्सफोलिएट भी कर सकता है। बेसन त्वचा के लिए किसी टॉनिक से कम नहीं है। यह त्वचा पर निखार लाने में सहायक हो सकता है। बेसन का उपयोग त्वचा को स्वस्थ बनाने के लिए लाभकारी और आसान घरेलू उपायों में से एक है (15)।

8. ग्रीन टी

सामग्री :

  • एक ग्रीन टी बैग
  • एक से दो कप पानी
  • आधा चम्मच शहद

उपयोग करने का तरीका :

  • सबसे पहले पानी गर्म करें।
  • अब इसमें ग्रीन टी बैग डालें।
  • फिर उसे ठंडा होने दें।
  • ठंडा होने के बाद इसमें शहद मिलाएं।
  • अब चेहरे को रोजाना उपयोग करने वाले क्लींजर या फेसवॉश से धो लें।
  • फिर ग्रीन टी और शहद के मिश्रण को चेहरे पर लगाएं।
  • इसे थोड़ी देर सूखने दें।
  • उसके बाद ठंडे पानी से धो लें।

कैसे है फायदेमंद :

ग्रीन टी के फायदे स्वास्थ्य के लिए तो है ही, इसके साथ ही यह त्वचा के लिए भी लाभकारी हो सकता है। ग्रीन टी त्वचा के सीबम उत्पादन को प्रभावित करने में उपयोगी हो सकती है (21)। वहीं, इस पैक में शहद का उपयोग भी किया गया है, जो न सिर्फ त्वचा को स्वस्थ रखने में सहायक हो सकता है, बल्कि कील-मुंहासों की समस्या से भी बचाव कर सकता है (22)। ऑयली त्वचा के लिए शहद और ग्रीन टी का यह मिश्रण अच्छा विकल्प हो सकता है।

9. खीरा

सामग्री :

  • एक खीरा
  • 6-8 बूंद नींबू का रस
  • एक चम्मच शहद

उपयोग करने का तरीका :

  • खीरे का छिलका उतार लें और उसके टुकड़े कर बिना पानी डाले पीस लें।
  • अब इसमें नींबू का रस और शहद को मिक्स कर लें।
  • चेहरे को अच्छी तरह साफ कर, रूई की मदद से इस पैक को अपने चेहरे पर लगाएं।
  • हल्के-हल्के हाथों से चेहरे पर मसाज करें और फिर 15-20 के लिए इसे सूखने दें।
  • इसके बाद हल्के गुनगुने पानी से चेहरे को धो लें।

कैसे है फायदेमंद :

खीरा स्वास्थ्य के लिए फायदेमंद तो है ही, साथ ही साथ यह त्वचा के लिए भी लाभकारी हो सकता है। दरअसल, कुछ अध्ययनों से पता चला है कि खीरा युक्त क्रीम त्वचा के सीबम को कम करने में सहायक हो सकता है (23)। हालांकि, इसमें अभी और शोध की आवश्यकता है, लेकिन खीरा एक सुरक्षित और पौष्टिक सामग्री है, जो त्वचा के लिए उपयोगी हो सकता है। इसके अलावा, यह त्वचा को ठंडक भी प्रदान कर सकता है। वहीं, इस फेसपैक में शहद का उपयोग भी किया गया है, जो त्वचा को स्वस्थ रखने में सहायक हो सकता है (22)। बात करें अगर नींबू के रस की, तो यह विटामिन-सी से भरपूर है, जो त्वचा की रंगत निखारने में सहायक हो सकता है (24)।

10. ओट्स

सामग्री :

  • दो से तीन चम्मच सूखे ओट्स
  • एक चम्मच शहद
  • थोड़ा-सा पानी

उपयोग करने का तरीका:

  • ओट्स को मिक्सी में पीसकर पाउडर बना लें।
  • अब इसमें थोड़ा सा पानी डालें, ताकि यह पेस्ट की तरह गाढ़ा हो जाए।
  • फिर इसमें शहद को मिक्स कर दें।
  • अब इस पैक को चेहरे पर लगा लें और सूखने के बाद चेहरा पानी से धो लें।

कैसे है फायदेमंद :

ओट्स के फायदे स्वास्थ्य के साथ-साथ त्वचा के लिए भी देखने को मिल सकते हैं। दरअसल, ओट्स त्वचा के अधिक तेल और बैक्टीरिया को निकालने में सहायक हो सकता है। इससे न सिर्फ तैलीय त्वचा की समस्या से राहत मिल सकती है, बल्कि तैलीय त्वचा के कारण होने वाले कील-मुंहासों की परेशानी भी कुछ हद कम हो सकती है (25)। हालांकि, अगर किसी की त्वचा संवेदनशील है, तो वह ऑयली स्किन के लिए यह घरेलू उपाय करने से पहले पैच टेस्ट जरूर करे।

11. जोजोबा ऑयल

सामग्री :

  • एक चम्मच जोजोबा ऑयल
  • रुई

उपयोग करने का तरीका:

  • त्वचा को अच्छे से साफ करें।
  • जोजोबा ऑयल में रुई को भिगो लें।
  • अब रुई की मदद से चेहरे पर जोजोबा ऑयल को लगाएं।

कैसे है फायदेमंद :

जोजोबा ऑयल के लाभ स्वास्थ्य और त्वचा दोनों के लिए हैं। यह त्वचा के सीबम स्तर को संतुलित कर सकता है। इससे ऑयली त्वचा की समस्या काफी हद तक कम हो सकती है। इसके अलावा, यह एक्ने के लिए भी प्रभावकारी हो सकता है (26)। हालांकि, हो सकता है हर किसी को जोजोबा ऑयल सूट न करे, इसलिए जोजोबा ऑयल के उपयोग से पहले पैच जरूर करें।

12. हल्दी

सामग्री :

  • एक चौथाई चम्मच हल्दी पाउडर
  • आधा चम्मच नींबू का रस
  • एक चम्मच शहद
  • एक कटोरी

उपयोग करने का तरीका :

  • इन सभी सामग्रियों को एक कटोरी में मिला लें।
  • अब इस इस मिश्रण को अपने चेहरे पर लगाएं।
  • जब यह पेस्ट सूख जाए, तो गुनगुने पानी से चेहरा धो लें।

कैसे है फायदेमंद :

त्वचा के लिए हल्दी के फायदे की अगर बात की जाए तो, इसके एक या दो नहीं बल्कि कई लाभ है। हल्दी का एंटीसेप्टिक और एंटीबैक्टीरियल गुण कील-मुंहासों की समस्या के लिए प्रभावकारी हो सकता है। इतना ही नहीं, हल्दी सेबेशियस ग्लैंड्स से निकलने वाले तेल को भी कम कर सकती है (17)। ऐसे में यह तैलीय त्वचा के लिए एक उपयोगी घरेलू उपाय का विकल्प हो सकता है। इसमें नींबू का उपयोग भी किया गया है, इसलिए संवेदनशील त्वचा वाले लोग इस पैक के उपयोग से पहले पैच टेस्ट जरूर करें। वहीं, कुछ लोगों को हल्दी से एलर्जी की शिकायत हो सकती है। इसलिए जिनकी त्वचा पर हल्दी सूट नहीं करती है, वे लोग इस नुस्खे का उपयोग करने से बचें या उपयोग से पहले पैच टेस्ट करें।

नोट : यहां बताए गए तैलीय त्वचा के घरेलू उपाय को चेहरे पर उपयोग करने से पहले पैच टेस्ट जरूर करें। अगर ऊपर दी गई किसी भी सामग्री से एलर्जी हो या पैच टेस्ट के बाद त्वचा में खुजली या जलन हो, तो उसे तुरंत पानी से धोएं और उसका उपयोग करने से बचें। साथ ही किसी भी फेस पैक के उपयोग के बाद चेहरे पर मॉइस्चराइजर भी जरूर लगाएं।

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तैलीय त्वचा के लिए घरेलू उपाय जानने के बाद, अब बात करते हैं ऑयली स्किन के लिए कुछ अन्य टिप्स की।

तैलीय त्वचा (ऑयली स्किन) के लिए कुछ और टिप्स – Oily Skin Care Tips In Hindi

तैलीय त्वचा के घरेलू उपचारों के अलावा अन्य तरीके भी हैं, जिनकी मदद से ऑयली स्किन की केयर की जा सकती है। तो ऑयली स्किन की देखभाल के लिए इन टिप्स को अपनाएं।

  1. क्लींजिंग – त्वचा ऑयली हो या रूखी, क्लींजिंग किसी भी स्किन केयर रूटीन का एक महत्वपूर्ण हिस्सा है। ऑयली स्किन की समस्या के साथ-साथ कई लोगों को मुंहासे की भी परेशानी हो सकती है। ऐसे में, सैलिसिलिक एसिड युक्त फेस वॉश या फेस क्लींजर का चुनाव किया जा सकता है। इससे मुंहासे से बचाव हो सकता है (27) (28)।
  2. टोनिंग – क्लींजिंग के बाद त्वचा को टोन करना भी आवश्यक है। पूरे दिन के बाद रात को सोने से पहले त्वचा को टोन करना जरूरी है। इससे त्वचा में छिपी गंदगी भी आसानी से निकल सकती है।
  3. स्क्रबिंग – ऑयली स्किन के कारण नाक के आसपास ब्लैकहेड्स की समस्या भी हो सकती है। ऐसे में कम से कम हफ्ते में एक बार स्क्रबिंग करना भी आवश्यक है। मार्केट में तैलीय त्वचा के लिए बेस्ट स्क्रब कई सारे हैं, उनमें से अपनी त्वचा अनुसार स्क्रब का चुनाव कर सकते हैं।
  4. मॉइस्चराइजर – कई लोग सोचते होंगे कि ऑयली स्किन के लिए मॉइस्चराइजर की जरूरत नहीं होती है। हालांकि, ऐसा नहीं है, तैलीय त्वचा के लिए भी मॉइस्चराइजर की जरूरत होती है। तैलीय त्वचा वाले लोग त्वचा को हाइड्रेट करने वाले मॉइस्चराइजर का चयन कर सकते हैं। इसके अलावा, एंटी-एक्ने मॉइस्चराइजर का उपयोग भी ऑयली त्वचा के लिए उपयुक्त हो सकता है।
  5. सनस्क्रीन – मॉइस्चराइजर की तरह ही सनस्क्रीन भी तैलीय त्वचा के लिए आवश्यक है। ऑयली स्किन वाले लोग मैट या जेल बेस्ड सनस्क्रीन का उपयोग कर सकते हैं। इसके अलावा, जेल बेस्ड हल्का सनस्क्रीन भी इस्तेमाल कर सकते हैं।
  6. ब्लोटिंग पेपर – ब्‍लोटिंग पेपर कागज की एक पतली-सी शीट होती है, जो तेल को सोखने का काम करती है। यह टिश्यू पेपर की तरह होती है। ये शीट चेहरे से अतिरिक्त तेल को हटाकर उसे घंटों तक मैट लुक दे सकती है। सीधे तौर से चेहरे पर इसका इस्तेमाल कर चेहरे से तेल को आसानी से हटाया जा सकता है (9) (29)। अगर किसी को ऑयली स्किन की परेशानी है, तो वह अपने साथ ब्लोटिंग पेपर रख सकते हैं।
  7. डाइट – पौष्टिक तत्व युक्त डाइट लें, इससे सेहत के साथ-साथ त्वचा भी स्वस्थ हो सकती है। ज्यादा तेल-मसाले या बाहरी खाने के सेवन से बचें। इसके अलावा, ज्यादा चीनी या डेयरी प्रोडक्ट के सेवन से परहेज करें। इससे त्वचा में सीबम उत्पादन और एक्ने की परेशानी बढ़ सकती है (30) (8)।
  8. पानी पिएंपानी पीने के फायदे सेहत और त्वचा दोनों के लिए है। त्वचा को स्वस्थ, हाइड्रेट और मॉइस्चराइज रखने के लिए पानी पीना जरूरी है। ऐसे में नियमित तौर से पानी पीते रहें (31)।
  9. जीवनशैली में बदलाव – स्वस्थ त्वचा के लिए सेहतमंद जीवनशैली भी जरूरी है। सही वक्त पर जागे, सही वक्त पर सोएं, सही वक्त पर भोजन करें, नियमित योग, व्यायाम या वॉक करें। साथ ही तनाव से दूर रहने की कोशिश करें।

ये थे तैलीय त्वचा के लिए घरेलू नुस्खे। हम पहले ही बता दें कि ऑयली फेस से छुटकारा पाना संभव नहीं है, लेकिन यहां बताए गए तैलीय त्वचा के लिए घरेलू नुस्खे आजमाकर समस्या को कुछ हद तक कम जरूर किया जा सकता है। इसके साथ ही लेख में दिए गए ऑयली स्किन टिप्स न सिर्फ आसान हैं, बल्कि इनका नियमित पालन करने से ये असरदार भी हो सकते हैं। ये स्किन केयर टिप्स फॉर ऑयली स्किन को बस अपने तक ही सीमित न रखें, बल्कि दूसरों के साथ भी साझा करें। तैलीय त्वचा के घरेलू उपाय के इस आर्टिकल को ज्यादा से ज्यादा लोगों तक शेयर करें और सभी को इन ऑयली स्किन टिप्स से अवगत कराएं। अगर तैलीय त्वचा की परेशानी ज्यादा हो तो, ऑयली स्किन ट्रीटमेंट के लिए त्वचा विशेषज्ञ से सलाह जरूर लें।

अक्सर पूछे जाने वाले सवाल

मैं अपने चेहरे को पूरे दिन ऑयली होने से कैसे बचा सकती हूं?

दिनभर के लिए ऑयली स्किन को कैसे दूर करें, अगर यह सवाल किसी के मन में है, तो वह ऊपर बताए गए किसी भी उपाय को आजमा सकता है। इसके अलावा, आप ब्लोटिंग पेपर का उपयोग भी कर सकते हैं।

क्या पानी पीने से तैलीय त्वचा को फायदा हो सकता है?

तैलीय त्वचा हो या रूखी स्किन, पानी पीना त्वचा को स्वस्थ रखने के लिए आवश्यक है। पानी त्वचा को हाइड्रेट कर सकता है, जिससे त्वचा संबंधी समस्याएं काफी हद तक कम हो सकती हैं।

जल्द से जल्द तैलीय त्वचा से कैसे छुटकारा पाया जा सकता है?

ऑयली स्किन से छुटकारा नहीं पाया जा सकता है, क्योंकि यह त्वचा का एक प्रकार है। हालांकि, लेख में बताए गए ऑयली स्किन के लिए घरेलू उपाय और टिप्स से इस समस्या को कुछ हद तक कम जरूर किया जा सकता है।

क्या तैलीय त्वचा के लिए नींबू अच्छा है?

हां, तैलीय त्वचा के लिए नींबू का रस या तेल उपयोगी हो सकता है। इसका उपयोग त्वचा के तेल और एक्ने की समस्या से कुछ हद राहत दिलाने में सहायक हो सकता है (32)। हालांकि, अगर किसी की त्वचा संवेदनशील है, तो वह नींबू के उपयोग से पहले पैच टेस्ट जरूर करे।

क्या दूध तैलीय त्वचा के लिए फायदेमंद हो सकता है?

हां, कम मात्रा में तैलीय त्वचा के लिए दूध का उपयोग उपयुक्त हो सकता है, क्योंकि इससे कील-मुंहासों के दाग-धब्बे कम हो सकते हैं। बस ध्यान रहे कि दूध युक्त प्रोडक्ट के अधिक सेवन से बचें, क्योंकि इससे कील-मुंहासों की समस्या हो सकती है (8)। दूध का घरेलू नुस्खा ऊपर लेख में विस्तार से बताया गया है।

क्या एलोवेरा तैलीय त्वचा के लिए फायदेमंद हो सकता है?

हां, तैलीय त्वचा वाले लोग एलोवेरा का उपयोग कर सकते हैं। यह त्वचा को मॉइस्चराइज करने में सहायक हो सकता है (19)।

क्या ठंडा पानी ऑयली स्किन के लिए अच्छा है?

ठंडा पानी ऑयली स्किन के लिए अच्छा है या नहीं इस बात का कोई स्पष्ट प्रमाण उपलब्ध नहीं है, लेकिन गुनगुने पानी को ऑयली स्किन के लिए अच्छा माना जाता है (1)।

क्या तैलीय त्वचा के लिए नारियल तेल अच्छा है?

नारियल का तेल स्किन बैरियर फंक्शन में सुधार कर ड्राई स्किन की समस्या को ठीक करने के लिए जाना जाता है (33)। इसलिए, तैलीय त्वचा के लिए नारियल तेल को उपयुक्त नहीं माना जा सकता है।

संदर्भ (Sources)

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Neha Sajwan

नेहा सजवाण ने दिल्ली विश्वविद्यालय से जर्नलिस्म एंड मास कॉम में बीए और गुरु जम्भेश्वर विश्वविद्यालय से मास कॉम्यूनिकेशन में एमए किया है। इन्हें प्रिंट मीडिया में लगभग 5 साल का अनुभव है। करियर की शुरुआत इन्होंने रिपोर्टिंग से की। नेहा को कला और साहित्य से जुड़े विषयों पर लिखना अच्छा लगता है। इन्हें फीचर राइटिंग भी काफी पसंद है। खाली समय में नेहा को पढ़ना और शास्त्रीय संगीत सुनना बेहद पसंद है।

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