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सफेद मूसली के फायदे, उपयोग और नुकसान – Safed Musli Benefits, Uses and Side Effects in Hindi

सफेद मूसली के फायदे, उपयोग और नुकसान – Safed Musli Benefits, Uses and Side Effects in Hindi Hyderabd040-395603080 June 3, 2019

भारत में वर्षां से आयुर्वेदिक और हर्बल चीज़ों का इस्तेमाल किया जा रहा है। भले ही आज कई लोग अंग्रेजी दवाओं और इलाज पर निर्भर हों, फिर भी कभी न कभी आयुर्वेद का सहारा ज़रूर लेते हैं। आयुर्वेद में कई जड़ी बूटियां हैं और उन्हीं में से एक है सफ़ेद मूसली। यह एक प्रकार का पौधा है, जिसके अंदर छोटे सफ़ेद फूल होते हैं। वैसे तो सफ़ेद मूसली के फ़ायदे अनेक हैं, लेकिन इसका सबसे बड़ा योगदान पुरुषों में यौन शक्ति बढ़ाने में और नपुंसकता का इलाज करने में किया जाता है। (1) इसके अलावा भी सफेद मूसली के कई लाभ हैं, जिसके बारे में हम आपको इस लेख में बता रहे हैं।

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सफेद मूसली के फायदे – Benefits of Safed Musli in Hindi

सफ़ेद मूसली में कई गुण हैं, जो आपके स्वास्थ्य के लिए बहुत ही फायदेमंद हैं। ऐसे ही ज़रूरी सफ़ेद मूसली के लाभ के बारे में हम नीचे लिख रहे हैं।

1. शरीर में ऊर्जा व रोग प्रतिरोधक शक्ति बढ़ाता है

अगर आपको हमेशा सर्दी-ज़ुकाम हो या आपकी रोग प्रतिरोधक क्षमता कम है, तो सफ़ेद मूसली का इस्तेमाल कर सकते हैं। इसके सेवन से आपकी रोग प्रतिरोधक क्षमता बढ़ती है और कई बीमारियों से छुटकारा मिलता है। यह संक्रमण से आपका बचाव करेगी। (2)

2. वज़न बढ़ाने में मददगार

Safed Musli for weight gain in hindi Pinit

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मूसली से शारीरिक शक्ति तो बढ़ती ही है, साथ ही इससे वज़न भी बढ़ता है। अगर कोई अपना वज़न बढ़ाना चाहता है, तो वो मूसली का सेवन कर सकता है। मूसली में मौजूद पोषक तत्व कुपोषण से पीड़ित शरीर को पोषण प्रदान कर वज़न बढ़ने में मददगार साबित होते हैं। (3)

3. जोड़ों के दर्द और अर्थराइटिस में फायदेमंद

बढ़ती उम्र के साथ लोगों में हड्डियों और जोड़ों की शिकायत भी बढ़ने लगती है। ऐसे में सफ़ेद मूसली के सेवन से अर्थराइटिस, जोड़ों और हड्डियों के दर्द में कुछ हद तक आराम मिल सकता है। (4) इसमें प्रोटीन, कैल्शियम, कार्बोहाइड्रेट व विटामिन जैसे पोषक तत्व होते हैं, जो आपके शरीर और हड्डियों के लिए ज़रूरी होते हैं।

4. गर्भावस्था में मूसली

Safed Musli in pregnancy in hindi Pinit

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गर्भावस्था में भी सफ़ेद मूसली अच्छी औषधि है। प्रेग्नेंसी में सफ़ेद मूसली का सेवन करने से महिला और होने वाला शिशु स्वस्थ रहता है। सिर्फ़ गर्भावस्था के दौरान ही नहीं, बल्कि डिलीवरी के बाद भी मां मूसली का सेवन करें तो दूध की मात्रा और गुणवत्ता में सुधार होता है। (5) हालांकि, गर्भावस्था में सफ़ेद मूसली का प्रयोग करने से पहले एक बार अपने डॉक्टर से इस बारे में सलाह ज़रूर कर ले लें।

[ पढ़े: प्रेग्नेंसी में क्या खाना चाहिए और क्या नहीं ]

5. मधुमेह में मूसली

यह मधुमेह से पीड़ित मरीजों के लिए भी अच्छी औषधि है। इसमें एंटीऑक्सीडेंट, एंटीहाइपरग्लिसिमिक (antihyperglycemic) और एंटीडाइबिटिक गुण होते हैं और ये सभी गुण मधुमेह के मरीज़ के उपचार में काम आते हैं। यहां तक कि यह एलोपैथिक दवा गिलबेक्‍लामाइड (Glibenclamide) से भी ज्यादा फ़ायदेमंद है।(6) हालांकि, यह भी माना जाता है कि यह पतले या कम वज़न वाले मधुमेह के मरीज़ों के लिए ज्‍यादा फ़ायदेमंद है, वहीं मधुमेह के जो मरीज़ मोटे होते हैं, उस पर इसका असर कम हो सकता है।

6. तनाव को कम करता है

मूसली का सेवन करने से तनाव भी कम होता है। हालांकि, इसका अभी तक कोई प्रमाण नहीं है, लेकिन माना जाता है कि इसमें मौजूद पोषक तत्व काफ़ी हद तक तनाव को दूर कर मानसिक तौर पर स्वस्थ रखते हैं।

7. नपुंसकता में सहायक

सफ़ेद मूसली से वीर्य की गुणवत्ता बढ़ती है और नपुंसकता जैसी बीमारी से भी काफ़ी हद तक छुटकारा मिलता है। कई बार मधुमेह या अन्य किसी बीमारी के वजह से इरेक्टाइल डिसफंक्शन (इसमें संभोग के दौरान लिंग उत्तेजित नहीं होता) की आशंका होती है, ऐसे में मूसली के सेवन से इसे ठीक किया जा सकता है। इसका प्रभाव स्पर्म काउंट यानी शुक्राणुओं पर भी होता है, जिससे यौन शक्ति बढ़ती है। शीघ्रपतन में भी इसका उपयोग किया जाता है। (7) (8)

8. वज़न कम करने में मदद करता है

Safed Musli for weight loss in Hindi Pinit

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सफ़ेद मूसली न सिर्फ वज़न बढ़ाने में, बल्कि वज़न कम करने में भी मददगार साबित हो सकता है। अगर आपको वज़न घटाना है, तो आप गर्म पानी में आधा चम्मच मूसली पाउडर मिलाकर पिएं। इससे आपका वज़न काफ़ी हद तक कम हो सकता है। वहीं, अगर आपको वज़न बढ़ाना है, तो आप दूध के साथ इसका सेवन कर सकते हैं।

सफेद मूसली के पौष्टिक तत्व – Safed Musli Nutritional Value in Hindi

सफ़ेद मूसली के फायदों को जानने के बाद आपके लिए यह जानना भी ज़रूरी है कि सफ़ेद मूसली में क्या-क्या ज़रूरी पौष्टिक तत्व हैं, जिस कारण यह आपके शरीर के लिए फायदेमंद है।

इसमें कार्बोहाइड्रेट, प्रोटीन, फाइबर, सैपोनिन, कैल्शियम, पोटैशियम व मैग्नीशियम जैसे पौष्टिक तत्व मौजूद हैं। (4)

सफेद मूसली के नुकसान – Side Effects of Safed Musli in Hindi

हर चीज़ के फ़ायदे और नुकसान दोनों होते हैं। इसलिए, सफ़ेद मूसली के भी फ़ायदे के साथ कुछ नुकसान भी हैं। नीचे हम ऐसे ही कुछ नुकसानों के बारे में आपको बता रहे हैं।

  • पचने में वक़्त लगता है, इसलिए पाचन तंत्र पर प्रभाव पड़ सकता है।
  • कब्ज़ की परेशानी हो सकती है।
  • भूख कम हो सकती है।
  • इसकी तासीर ठंडी होती है, इसलिए यह कफ की परेशानी को बढ़ा सकता है।
  • त्वचा संबंधी एलर्जी हो सकती है।

सफेद मूसली खाने के तरीके – How to Eat Safed Musli in Hindi

इसका सेवन करने से हमें फायदा हो, इसके लिए यह जानना ज़रूरी है कि इसकी कितनी ख़ुराक ली जाए। इसकी खुराक व्यक्ति की उम्र और शरीर पर निर्भर करता है। नीचे हम सफेद मूसली खाने की विधि के बारे में आपको बता रहे हैं। इससे आप आसानी से समझ सकेंगें कि सफ़ेद मूसली का उपयोग कैसे कर सकते हैं ? जानिए क्या है सफ़ेद मूसली खाने का तरीका।

  • बच्चों को एक ग्राम तक मूसली दे सकते हैं, लेकिन पहले बार सेवन करने के बाद बच्चे को पेट संबंधी या कोई और स्वास्थ्य संबंधी परेशानी हो, तो इसे न दें।
  • 13 से 19 वर्ष के किशोर दो ग्राम तक सफ़ेद मूसली का सेवन कर सकते हैं।
  • 60 वर्ष तक के लोग 6 ग्राम तक मूसली का सेवन कर सकते हैं।
  • वैसे तो गर्भवती महिलाएं या स्तनपान कराने वाली मां दो ग्राम तक मूसली खा सकती है, लेकिन इस बारे में एक बार अपने डॉक्टर से सलाह ज़रूर लें।

आप सफ़ेद मूसली का सेवन चूर्ण, कैप्सूल और सिरप के रूप में कर सकते हैं। इसका सेवन करने के बाद अगर आपको स्वास्थ्य संबंधी कोई परेशानी महसूस हो, तो इसका सेवन बंद कर दें और डॉक्टर से एक बार ज़रूर पूछे लें।

हालांकि, लोगों के मन में इसे लेकर कई सवाल उठते हैं, जिनके जवाब हम नीचे आपके साथ साझा कर रहे हैं।

  • क्या हम सफेद मूसली को बॉडी बनाने के लिए इस्तेमाल कर सकते हैं?

आप सफ़ेद मूसली को बॉडी बनाने के लिए खा सकते हैं। यह आपके मांसपेशियों के लिए फायदेमंद है, लेकिन एक बार अपने डॉक्टर या जिम ट्रेनर से इसके सेवन को लेकर बात जरूर कर लें।

  • सफेद मूसली का पाउडर और कैप्सूल में क्या बेहतर है?

पाउडर और कैप्सूल दोनों ही सही हैं, लेकिन आप डॉक्टर से पूछकर यह पता कर सकते हैं कि आपके शरीर के हिसाब से क्या ज़्यादा फायदा करेगा।

  • क्या सफेद मूसली और अश्वगंधा को साथ में ले सकते हैं?

आप इस बारे में अपने डॉक्टर से सलाह ले सकते हैं, क्योंकि जैसा कि हमने आपको बताया कि यह व्यक्ति के शरीर पर निर्भर करता है कि उसके लिए क्या योग्य है।

  • सफेद मूसली खाने का सबसे अच्छा तरीका क्या है?

इसके कई तरीक़े हैं, आप चाहे तो इसका कैप्सूल खा सकते हैं या फिर दूध व शहद के साथ मिलाकर इसका सेवन कर सकते हैं। यह आप पर निर्भर करता है कि आप इसे कैसे खाना पसंद करेंगे।

मूसली बेहद गुणकारी औषधि है। इसका सही मात्रा और सही तरीके से सेवन करने से यह शरीर के लिए वरदान साबित हो सकती है। इसलिए, जब आप इसका सेवन करें, तो नीचे कमेंट बॉक्स में अपने अनुभव ज़रूर साझा करें।

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