क्या नाभि में सरसों का तेल लगाना फायदेमंद है?

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नाभि को शरीर का मध्य बिंदु यानी सेंट्रल प्वाइंट कहते हैं। प्राचीन काल से ही इस मध्य बिंदु को स्वास्थ्य से जोड़कर देखा जाता है। शायद यही वजह है कि पहले के लोग नाभि में सरसों का तेल लगाने पर विशेष जोर देते थे। कारण है सरसों के तेल में मौजूद औषधिय गुण। माना जाता है कि नाभि में सरसों का तेल लगाने के फायदे कई होते हैं। यूं तो इस विषय पर वैज्ञानिक शोध का अभाव है, लेकिन सरसों तेल के गुणों व लोकमान्यताओं के आधार पर हम नाभि में सरसों का तेल लगाने के फायदे बता रहे हैं।

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लेख में सबसे पहले हम जानते हैं नाभि में सरसों का तेल डालने के फायदे क्या-क्या हो सकते हैं।

लोकमान्यताओं के आधार पर नाभि में सरसों का तेल लगाने के फायदे – Benefits of Applying Mustard Oil in Belly Button in Hindi

नाभि में सरसों का तेल लगाना फायदेमंद हो सकता है। दरअसल, माना जाता है कि नाभि तेल को अवशोषित कर नसों तक पहुंचाने में सहायक हो सकती है। फिर इससे शरीर को फायदे मिल सकते हैं (1)। ऐसे में लोक मान्यताओं और सरसों तेल के गुणों के आधार पर हम यहां नाभि में सरसों का तेल लगाने के फायदे बता रहे हैं:

1. मासिक धर्म की समस्या में

मासिक धर्म के दौरान अक्सर महिलाओं को पेट के निचले हिस्से में दर्द होने लगता है और कभी-कभी इसे सहन करना भी मुश्किल हो जाता है (2)। इस दौरान नाभि में सरसों का तेल लगाना फायदेमंद हो सकता है। दरअसल, सरसों के तेल में दर्दनिवारक गुण मौजूद होता है (3)। ऐसे में नाभि में तेल लगाने से यह गुण शरीर में अवशोषित हो सकता है और मासिक धर्म में होने वाले दर्द से राहत दिला सकता है।

2. हृदय के लिए

शरीर को स्वस्थ रखने के लिए हृदय को स्वस्थ रखना भी आवश्यक है। नाभि में सरसों का तेल लगाने से हृदय को भी स्वस्थ रखा जा सकता है। दरअसल, सरसों तेल में मोनोअनसैचुरेटेड फैटी एसिड और पोलीअनसैचुरेटेड फैटी एसिड होता है, और ये दोनों ही ह्रदय को सुरक्षित रखने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं (4)। इस आधार पर कहा जा सकता है कि ह्रदय को स्वस्थ रखने के लिए खाने के साथ-साथ नाभि में भी सरसों तेल लगाना उपयोगी हो सकता है। हमने पहले ही जानकारी दी है कि नाभि तेल को शरीर में अवशोषित कर सकता है, जिससे इसके गुण शरीर को मिल सकते हैं।

3. कोलेस्ट्रॉल के लिए

कोशिकाओं में मौजूद मोम जैसे फैटी पदार्थ को कोलेस्ट्रॉल कहा जाता है। शरीर को खाना पचाने, हार्मोन्स बनाने और विटामिन डी के लिए कोलेस्ट्रॉल की आवश्यकता होती है (5)। हालांकि, जब यह बढ़ जाए तो शरीर के लिए हानिकारक भी हो सकता है और ह्रदय रोग समेत अन्य स्वास्थ्य समस्याओं का जोखिम पैदा कर सकता है (6)। ऐसे में कोलेस्ट्रॉल को नियंत्रित रखने के लिए आहार में सरसों का तेल शामिल करने के साथ-साथ नाभि में लगाना भी उपयोगी हो सकता है। दरअसल, सरसों तेल में अल्फा लिनोलेनिक एसिड होता है, जो कोलेस्ट्रॉल को नियंत्रित रखने में सहायक हो सकता है। साथ ही यह ह्रदय रोग के जोखिम को भी कम कर सकता है (4)

4. गठिया की समस्या के लिए

हड्डियों के जोड़ों में दर्द और सूजन गठिया की समस्या का लक्षण हो सकता है। इसके कारण मरीज को चलने फिरने में परेशानी हो सकती है (7)। ऐसे में गठिया के घरेलू उपाय के तौर पर नाभि में सरसों तेल लगाना उपयोगी हो सकता है। दरअसल रिसर्च में पाया गया कि सरसों के तेल में एंटीआर्थराइटिक प्रभाव होता है जो गठिया की समस्या में फायदेमंद हो सकता है (8)। साथ ही इसमें दर्दनिवारक गुण भी होता है (3)। ऐसे में यदि सरसों के तेल को सुबह-सुबह नाभि में लगाया जाता है तो भी यह गठिया पर सकारात्मक असर दिखा सकता है।

5. एंटी बैक्टीरियल और एंटिफंगल गुण

शरीर में कई प्रकार के संक्रमण और फंगल इंफेक्शन का कारण बैटीरिया और फंगस होते हैं (9)। बैटीरिया और फंगस के कारण होने वाले संक्रमण की समस्या से बचाव में सरसों का तेल लाभदायक हो सकता है। दरअसल, सरसों के तेल में एंटी बैक्टीरियल और एंटिफंगल गुण होते हैं (4)। यह प्रभाव किसी भी प्रकार के संक्रमण के साथ ही बैक्टीरिया और फंगस के प्रभाव को कम करने में मदद कर सकते हैं।

6. कैंसर से बचाव

इसमें कोई शक नहीं है कि कैंसर एक गंभीर बीमारी है और इसमें डॉक्टरी इलाज ही पहली प्राथमिकता होती है। हालांकि, कैंसर के जोखिम को कम करने के लिए सरसों का तेल उपयोगी हो सकता है। सरसों तेल में एंटी कार्सिनोजेनिक गुण होते है हैं, जो कैंसर के जोखिम को कम कर सकते हैं (4)। ऐसे में शरीर में इस गुण को अवशोषित करने के लिए नाभि में सरसों तेल लगाना उपयोगी हो सकता है।

7. बालों के लिए

नाभि पर सरसों का तेल लगाने के फायदे में स्वस्थ बाल भी शामिल कर सकते हैं। दरअसल, इसका एंटी फंगल व एंटी बैक्टीरियल गुण बालों को झड़ने से बचाने में उपयोगी हो सकता है (3)। ऐसे में अगर हर रोज बालों में सरसों तेल लगाने का वक्त न मिले तो नाभि में सरसों तेल लगाकर बालों को स्वस्थ बना सकते हैं। हमने लेख में पहले ही यह जानकारी दी है कि नाभि तेल को अवशोषित कर शरीर तक पहुंचा सकता है।

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नाभि में सरसों का तेल लगाने के फायदे जाने के बाद यहां बता रहे हैं कि इसे कैसे इस्तेमाल करें।

नाभि में सरसों का तेल कैसे लगाएं? – How to apply oil in belly button in hindi

नाभि में सरसों का तेल लगाने के लिए नीचे दिए गए तरीकों को अपनाया जा सकता है (1)

  • सरसों के तेल को रात में सोने के पहले नाभि में लगाया जा सकता है।
  • सुबह उठने के बाद भी इसे नाभि में लगाना फायदेमंद माना गया है।
  • पेट दर्द जैसी समस्या होने पर इसे तुरन्त उपयोग में ले सकते हैं।
  • खाना खाने के बाद भी इसे नाभि में लगा सकते हैं।

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नाभि में सरसों का तेल लगाने के पहले ध्यान देने योग्य कुछ सावधानियों के बारे में भी यहां बताया जा रहा है।

नाभि में सरसों का तेल लगाने से पहले ध्यान देने योग्य बातें – Precautions to be taken while applying Mustard Oil in belly button in Hindi

सरसों का तेल नाभि में लगाने के पहले कुछ बातों का ध्यान रखना जरूरी है, यहां हम उन्हीं के बारे में बता रहे हैं।

  • नाभि में सरसों का तेल उपयोग करने से पहले डॉक्टर की सलाह जरूरी है।
  • किसी भी गंभीर समस्या में सरसों का तेल उपचार के रूप में उपयोग न करें।
  • यदि सरसों का तेल लगाने पर समस्या बिगड़ती है तो सीधे डॉक्टर से संपर्क करना चाहिए।
  • सरसों के तेल को गर्म करके नाभि में न लगाएं।
  • सरसों के तेल के साथ अन्य तेल या पदार्थ न मिलाएं।

सरसों के तेल के सेवन के अलावा यह कई प्रकार से लाभदायक माना गया है। यहां हमने नाभि में सरसों का तेल लगाने के फायदे और उपयोग के बारे में विस्तार से बताया है। नाभि में सरसों का तेल लगाने पर कई समस्यों में इसका सकारात्कमक प्रभाव हो सकता है, लेकिन इन विषयों पर शोध की कमी है। इसलिए किसी भी प्रकार से सरसों का तेल नाभि में लगाने के पहले डाॅक्टर की सलाह जरूर लेनी चाहिए। साथ ही हम स्पष्ट कर दें कि नाभि पर सरसों का तेल लगाना किसी बीमारी का इलाज नहीं है। हो सकता है यह उनके लक्षणों को कुछ हद तक कम करे या उनसे बचाव करे। अब इस लेख को अन्य लोगों के साथ शेयर कर हर किसी को इसकी विधि के बारे में बताएं।

अक्सर पूछे जाने वाले सवाल

क्या नाभि में सरसों का तेल लगाना सुरक्षित है?

हां, पुरानी मान्यताओं के अनुसार नाभि में सरसों का तेल लगाने पर यह कई समस्याओं में फायदेमंद हो सकता है (1)। हालांकि, इस विषय में कोई सटीक शोध उपलब्ध नहीं है।

नाभि में सरसों का तेल कब लगा सकते हैं?

रात को सोने से पहले नाभि में सरसों का तेल लगाया अधिक फायदेमंद हो सकता है (1)

संदर्भ (Sources):

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  1. Our belly button (NABHI ) is an amazing gift
    https://www.drtotaldetox.com/our-belly-button-nabhi-is-an-amazing-gift/
  2. Period Pain
    https://medlineplus.gov/periodpain.html
  3. An Amazing Anti -Inflammatory and Analgesic Oil Formulation
    http://oaji.net/articles/2017/1791-1534871731.pdf
  4. Medicinal Qualities of Mustard Oil and Its Role in Human Health against Chronic Diseases: A Review
    https://www.researchgate.net/publication/336118318_Medicinal_Qualities_of_Mustard_Oil_and_Its_Role_in_Human_Health_against_Chronic_Diseases_A_Review
  5. Cholesterol
    https://medlineplus.gov/cholesterol.html
  6. Arthritis
    https://medlineplus.gov/arthritis.html
  7. A Study To Assess The Effectiveness Of Home Made Herbal Plaster Application On Knee Joint Pain Among Elderly (Above 60 Years) In Selected Old Age Homes, Chennai
    http://repository-tnmgrmu.ac.in/10090/1/300121817rajeswari.pdf
  8. Infectious Diseases
    https://medlineplus.gov/infectiousdiseases.html
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विनिता पंगेनी ने एनएनबी गढ़वाल विश्वविद्यालय से मास कम्यूनिकेशन में बीए ऑनर्स और एमए किया है। टेलीविजन और डिजिटल मीडिया में काम करते हुए इन्हें करीब चार साल हो गए हैं। इन्हें उत्तराखंड के कई पॉलिटिकल लीडर और लोकल कलाकारों के इंटरव्यू लेना और लेखन का अनुभव है। विशेष कर इन्हें आम लोगों से जुड़ी रिपोर्ट्स करना और उस पर लेख लिखना पसंद है। इसके अलावा, इन्हें बाइक चलाना, नई जगह घूमना और नए लोगों से मिलकर उनके जीवन के अनुभव जानना अच्छा लगता है।

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