सौंफ और मिश्री के फायदे – Amazing Benefits of Saunf and Mishri in Hindi

Written by , (शिक्षा- एमए इन जर्नलिज्म मीडिया कम्युनिकेशन)

कई लोग खाना खाने के बाद सौंफ व मिश्री का सेवन करते हैं। दरअसल, सौंफ व मिश्री खाने के फायदे कई सारे हो सकते हैं। यही वजह है कि इसे आहार में शामिल करने की भी सलाह दी जाती है। ऐसे में स्टाइलक्रेज के इस लेख में हम सौंफ व मिश्री खाने के फायदे से जुड़ी ज्यादा से ज्यादा जानकारी दे रहे हैं। यहां फायदे के साथ-साथ सौंफ और मिश्री के नुकसान की जानकारी भी साझा करेंगे। इसके अलावा, सौंफ और मिश्री का उपयोग कैसे कर सकते हैं, इसके बारे में भी बताएंगे। तो देर किस बात की, पढ़ना शुरू करें सौंफ और मिश्री के फायदे से जुड़ा यह लेख।

शुरू करते हैं लेख

सबसे पहले हम जानते हैं लेते हैं सौंफ और मिश्री खाने के फायदे के बारे में।

सौंफ और मिश्री के फायदे – Benefits of Saunf and Mishri in Hindi

सौंफ और मिश्री खाने के फायदे की बात करें तो इन दोनों के एक साथ सेवन से होने वाले फायदों के बारे में वैज्ञानिक शोध सीमित है। ऐसे में यहां हम इनके गुणों के आधार पर सौंफ और मिश्री खाने के फायदे की जानकारी दे रहे हैं। ध्यान रहे सौंफ और मिश्री किसी बीमारी का इलाज नहीं, बल्कि उनके लक्षणों या जोखिमों को कुछ हद तक कम कर सकता है। अब पढ़ें सौंफ और मिश्री खाने के फायदे, जो कुछ इस प्रकार हैं:

1. पेट की समस्या में राहत

सौंफ मिश्री बेनेफिट्स इन हिंदी में सबसे पहला लाभ पेट की समस्या से राहत से जुड़ा है। शोध की मानें तो सौंफ में, एंटीस्पास्मोडिक यानी पेट में होने वाले ऐंठन को कम करने या ऐंठन से बचाव का गुण मौजूद होता है (1)। इसके अलावा, इसमें मौजूद कार्मिनेटिव और एंटी फ्लैटुलेंट गुण पेट फूलने व गैस की समस्या से राहत दिलाने में सहायक हो सकते हैं (2)। इससे जुड़ी एक अन्य जानकारी की मानें तो खाने के बाद सौंफ के साथ मिश्री का सेवन कई साल से चलता आ रहा है। इसके सेवन से गैस, अपच, पेट में ऐंठन, पेट फूलने जैसी समस्याओं का जोखिम कम हो सकता है (3)। ऐसे में माना जा सकता है कि पेट की समस्या से निजात पाना सौंफ मिश्री के फायदे में शामिल है।

2. पाचन तंत्र दुरुस्त करने में सहायक

सौंफ और मिश्री खाने के फायदे की इस सूची में पाचन तंत्र में सुधार भी आ सकता है। सौंफ में फायटोएस्ट्रोजन गुण मौजूद होता है, जो कि पाचन तंत्र के लिए उपयोगी हो सकता हैं। इसके अलावा, सौंफ में फाइबर मौजूद होता है, जो पाचन तंत्र को दुरुस्त करने में मददगार हो सकता है। इसके साथ ही सौंफ के साथ मिश्री के सेवन से पाचन शक्ति में सुधार व कब्ज की समस्या में राहत मिल सकता है (3)। बता दें कि फाइबर पाचन क्रिया को बेहतर करने के साथ-साथ कब्ज की समस्या से भी राहत देने का काम कर सकता है (4)।

3. वजन कम करने में मददगार

वजन कम करने में भी सौंफ व मिश्री खाने के फायदे देखे जा सकते हैं। सौंफ भूख को दबाने और वजन कम करने का एक प्राकृतिक घरेलू उपाय माना जा सकता है। इसका उपयोग महिलाएं अक्सर ही उपवास के दौरान भूख को कम करने के लिए करती आ रही हैं। जानकारी के अनुसार सुबह खाली पेट सौंफ की चाय या सौंफ के पानी का सेवन करने से भूख में कमी आ सकती है जो वजन कम करने में सहायक हो सकता है (3)। एनसीबीआई (नेशनल सेंटर फॉर बायोटेक्नोलॉजी इंफॉर्मेशन) की वेबसाइट पर प्रकाशित एक शोध में बताया गया है कि कोरिया में बढ़ते वजन की समस्या से प्रभावित महिलाओं में सौंफ की चाय का सेवन उपयोगी हो सकता है (5)।

वहीं, लोकमान्यता है कि सौंफ के साथ मिश्री के सेवन से वजन कम हो सकता है। हालांकि, चीनी की तरह मिश्री भी गन्ने के रस से तैयार की जाती है। दरअसल, मिश्री चीनी का मूल रूप होता है। वहीं, जानकारी के अनुसार अत्यधिक मात्रा में चीनी के सेवन से वजन बढ़ने या मोटापे का जोखिम को बढ़ सकता है (6)। ऐसे में चीनी की तरह ही मिश्री का भी अगर अधिक मात्रा में सेवन किया जाए तो वजन बढ़ने का जोखिम हो सकता है। इसलिए ध्यान रहे कि वजन कम करने के लिए सौंफ के साथ मिश्री के सेवन के दौरान इसकी मात्रा बेहद कम रखें। साथ ही नियमित व्यायाम भी जारी रखें।

4. इम्यूनिटी बढ़ाने में सहायक

सौंफ में विटामिन सी की प्रचूर मात्रा होती है। विटामिन सी शरीर की प्रतिरक्षा शक्ति बढ़ाने वाला नैचुरल विटामिन माना जाता है। ऐसे में विटामिन सी युक्त सौंफ के सेवन से रोग प्रतिरोधक क्षमता मजबूत हो सकती है व छोटे-मोटे संक्रमणों से शरीर को लड़ने में सहायता मिल सकती है। साथ ही यह बड़े संक्रमणों से लड़ने के लिए भी शरीर की प्रतिरोधक क्षमता को भी बढ़ावा देने मददगार हो सकता है (3)। कहा जाता है कि सौंफ के साथ मिश्री का सेवन प्रतिरक्षा प्रणाली को बढ़ाने में कारगर हो सकता है।

हालांकि, शोध की मानें तो अधिक चीनी का सेवन हमारे प्रतिरक्षा प्रणाली को कमजोर कर सकता है (7)। बता दें, चीनी की तरह ही मिश्री भी गन्ने के रस से तैयार किया जाता है और यह चीनी का मूल रूप होता है। इस आधार पर मिश्री भी प्रतिरक्षा प्रणाली पर समान प्रभाव दिखा सकती है। ऐसे में सौंफ के साथ मिश्री का सेवन करते वक्त जरूरी है कि इसकी मात्रा का ध्यान रखा जाए।

5. रक्तचाप नियंत्रण में सहायक

सौंफ में प्रचूर मात्रा में पोटेशियम होता है । पोटेशियम युक्त आहार उच्च रक्तचाप के जोखिम को कम करने या संतुलित रखने में सहायक हो सकता है (3)। ऐसी मान्यता है कि मिश्री भी रक्तचाप को नियंत्रित करने में मदद कर सकती है। हालांकि, इस बात पर अभी वैज्ञानिक शोध की आवश्यकता है। ऐसे में थोड़ी मात्रा में मिश्री सौंफ का सेवन कर फर्क महसूस कर सकते हैं। हालांकि, इस दौरान की डॉक्टर की सलाह लें और दवा का ध्यान भी रखें।

6. आंखों के लिए मददगार

सौंफ व मिश्री का सेवन आंखों के लिए भी फायदेमंद हो सकता है। एक शोध की मानें तो करीब डेढ़ माह तक रात को सोने से पहले एक चम्मच सौंफ, बादाम और मिश्री का चूर्ण गर्म दूध में मिलाकर सेवन करने से आंखों से संबंधित समस्या का जोखिम कम हो सकता है। इसके अलावा आंखों की रोशनी में भी सुधार देखने को मिल सकता है। ध्यान रहे इस मिश्रण के सेवन के बाद पानी पीने से बचें। सौंफ के रस में मौजूद एंटीऑक्सीडेंट और अमीनो एसिड आंखों को फिर से जीवंत कर सकता है। इसके अलावा, सौंफ के रस को लगाने से आंखों में जलन व थकान की समस्या भी कम हो सकती है। यह सिरदर्द व आंख दर्द की समस्या में भी राहत प्रदान कर सकता है (3)। ऐसे में माना जा सकता है कि सौंफ मिश्री बादाम खाने के फायदे आंखों से जुड़ी समस्याओं में या उनसे बचाव में देखने को मिल सकते हैं।

7. त्वचा के लिए सहायक

सौंफ में मौजूद गुणों की वजह से यह त्वचा के लिए लाभकारी हो सकते हैं। इसमें कई तरह के पोषक तत्व जैसे – विटामिन ए, सी और ई होने के साथ-साथ फाइबर, आयरन, कॉपर, जिंक भी मौजूद हैं। इससे जुड़ी जानकारी के अनुसार, सौंफ न केवल प्राकृतिक एंटीसेप्टिक के रूप में काम कर सकता है, बल्कि एंटीऑक्सीडेंट से भरपूर होता है। जिससे यह त्वचा की टोन में सुधार करने के साथ, मुंहासे, त्वचा की कोशिका की क्षति को रोकने में मददगार हो सकता है (3)। वहीं माना जाता है कि मिश्री त्वचा के लिए फायदेमंद हो सकती है। हालांकि, इस विषय में वैज्ञानिक शोध की आवश्यकता है।

नोट: ऊपर बताए गए सौंफ व मिश्री के फायदों से जुड़े कुछ मामलों में अभी और वैज्ञानिक शोध की आवश्यकता है। ऐसे में इनका नियमित रूप से सेवन करने से पहले डॉक्टर से अवश्य परामर्श लें। सौंफ व मिश्री से होने वाले लाभ को देखते हुए ये माना जा सकता है कि इन समस्याओं में सौंफ और मिश्री का पानी पीने के फायदे भी हो सकते हैं।

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सौंफ मिश्री खाने के फायदे के बाद जानते हैं इसके उपयोग के बारे में।

सौंफ और मिश्री का उपयोग – How to Use Saunf and Mishri in Hindi

सौंफ मिश्री खाने के फायदे के बाद अब जानते है कि इसका स्वास्थ लाभ को पाने के लिए इसका उपयोग किस प्रकार किया जा सकता है। तो सौंफ-मिश्री के उपयोग कुछ इस प्रकार हैं:

  • सौंफ और मिश्री के फायदे प्राप्त करने के लिए खाना खाने के बाद इसका सेवन कर सकते हैं।
  • माउथ फ्रेशनर के रूप में भी सौंफ व मिश्री का सेवन कर सकते हैं। यह सांसों की दुर्गंध से मुक्ति दिला सकता है।
  • भुने हुए सौंफ के साथ मिश्री का सेवन कर सकते हैं।
  • पाचन शक्ति को दुरुस्त करने के लिए खाने के बाद सौंफ और मिश्री का उपयोग किया जा सकता है।
  • फ्रूट सलाद में सौंफ और मिश्री को छिड़ककर सेवन कर सके हैं।
  • सौंफ और मिश्री का पानी पी सकते हैं।

आगे पढ़िए नुकसान।

अब जानते हैं साइड इफेक्ट ऑफ सौंफ एंड मिश्री इन हिंदी के बारे में।

सौंफ और मिश्री के नुकसान – Side Effects of Saunf and Mishri in Hindi

किसी भी चीज का अधिक सेवन नुकसानदायक साबित हो सकता है। ऐसा ही कुछ सौंफ व मिश्री के साथ भी है। आइए, अब सौंफ और मिश्री के नुकसान भी जान लेते हैं।

  • सौंफ कुछ दवाओं के असर पर प्रभाव डाल सकता है (8)। अगर किसी दवा का सेवन कर रहे हैं तो ऐसे में सौंफ व मिश्री के सेवन से से पहले डॉक्टरी सलाह लें।
  • कई बार सौंफ एलर्जी का कारण बन सकता है (9)। ऐसे में जिन लोगों को किसी नए खाने से जुड़ी एलर्जी की समस्या है या जिनका शरीर अतिसंवेदनशील है तो उन्हें सौंफ मिश्री के सेवन से एलर्जी की संभावना हो सकती है।
  • माना जाता है कि सौंफ व मिश्री की तासीर ठंडी होती है। ऐसे में इसका अधिक सेवन नुकसान भी पहुंचा सकता है। खासतौर से, ठंड के दिनों में सर्दी-जुकाम का जोखिम हो सकता है।
  • ज्यादा चीनी के सेवन से मधुमेह व उच्च रक्तचाप का जोखिम हो सकता है (10)। मिश्री भी चीनी की तरह गन्ने के रस से तैयार होता है व ये चीनी का मूल रूप होता है। ऐसे में सौंफ के साथ मिश्री का अधिक सेवन उच्च रक्तचाप का जोखिम पैदा कर सकता है।
  • अत्यधिक शुगर का सेवन दांतों में सड़न का कारण बन सकता है (10)। ऐसे में मिश्री, जो कि चीनी का मूल रूप है। ऐसे में सौंफ के साथ इसका अधिक सेवन दांतों में सड़न का कारण बन सकता है।
  • अत्यधिक शुगर या शुगर युक्त आहार के सेवन से व सही एक्सरसाइज न करने से वजन बढ़ने का जोखिम हो सकता है (6)। मिश्री का चीनी के मूल रूप का होने के कारण सौंफ के साथ मिश्री के सेवन में उसकी मात्रा कम रखें।

सौंफ और मिश्री खाने के फायदे हैं, तो कुछ नुकसान भी हैं, जिसकी जानकारी इस लेख में दी गई है। अगर सौंफ व मिश्री का सेवन करना चाहते हैं तो इसके उपयोग करने के तरीके का ध्यान अवश्य रखें। वहीं ध्यान रहे कि अगर किसी दवा का सेवन कर रहे हैं तो डॉक्टर के परामर्श के बिना इसका सेवन न करें। पाठक इस बात का ध्यान रखें कि लेख में बताए गए सौंफ और मिश्री के फायदे किसी भी बीमारी को जड़ से खत्म नहीं करेंगे, लेकिन इन समस्याओं के लक्षणों को कुछ हद तक कम करने में मददगार हो सकते हैं। तो इस खास लेख को अन्य लोगों के साथ शेयर कर, सौंफ और मिश्री खाने के फायदे व इससे जुड़ी अन्य जानकारियों से अवगत कराएं।

अक्सर पूछे जाने वाले सवाल

क्या मैं रोज सौंफ और मिश्री खा सकती हूं?

नहीं, प्रतिदिन किसी भी चीज का सेवन सही नहीं होता है, उचित मात्रा में सेवन करने से ही सौंफ और मिश्री के फायदे हो सकते हैं।

क्या मैं रात में सौंफ और मिश्री ले सकता हूं?

सौंफ व मिश्री की तासीर को ठंडा माना जाता है। ऐसे में रात में इसका सेवन सेहत पर नकारात्मक प्रभाव डाल सकता है। खासतौर से, ठंड के मौसम में।

क्या सौंफ और मिश्री वजन घटाने में मददगार हो सकते हैं?

हां, माना जाता है कि सौंफ और मिश्री वजन घटाने में सहायक हो सकते हैं। सौंफ भूख को दबाने और वजन कम करने का एक प्राकृतिक घरेलू उपाय माना जा सकता है (4)। ऐसे में लोकमान्यता है कि सौंफ के साथ मिश्री के सेवन से वजन कम हो सकता है। हालांकि, ध्यान रहे इसके साथ नियमित व्यायाम व डाइट को ध्यान में रखें। साथ ही मिश्री का सेवन संतुलित मात्रा में ही करें।

सौंफ और मिश्री का पानी पीने के फायदे क्या हो सकते हैं?

सौंफ व मिश्री के सेवन से होने वाले फायदों के बारे में लेख में ऊपर बताया गया है। ऐसे में माना जा सकता है कि सौंफ और मिश्री का पानी पीने के फायदे भी इसी समान हो सकते हैं। हालांकि, इस विषय में अभी शोध की आवश्यकता है।

संदर्भ (Sources) :

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  1. Saunf: Do we really need fennel seeds after a meal?
    https://www.google.com/url?q=https://www.researchgate.net/publication/335840673_Saunf_Do_we_really_need_fennel_seeds_after_a_meal&sa=D&source=editors&ust=1630328352152000&usg=AOvVaw0r3spOec-cEdylSMvbLtC3
  2. FENNEL: A BRIEF REVIEW
    https://www.academia.edu/32203858/FENNEL_A_BRIEF_REVIEW
  3. Fennel: A Spice For Overall Health Welfare
    http://www.aravsjournal.com/aravs_may2018/8.pdf
  4. Fiber
    https://medlineplus.gov/ency/article/002470.htm
  5. Fennel (Foeniculum vulgare) and Fenugreek (Trigonella foenum-graecum) Tea Drinking Suppresses Subjective Short-term Appetite in Overweight Women
    https://www.ncbi.nlm.nih.gov/pmc/articles/PMC4525133/
  6. Sugar
    https://www.betterhealth.vic.gov.au/health/healthyliving/sugar
  7. FOODS THAT CAN BE AVOIDED TO MAINTAIN IMMUNITY
    https://ejmcm.com/pdf_2211_3b16c15d846f2fb5888c4a34cfad3e8b.html
  8. Antimicrobial and P450 inhibitory properties of common functional foods
    https://pubmed.ncbi.nlm.nih.gov/24934554/
  9. Hypersensitivity to fennel is frequent in peach allergic patients and LTP is a major fennel allergen
    https://www.ncbi.nlm.nih.gov/pmc/articles/PMC3354211/
  10. Sweeteners – sugars
    https://medlineplus.gov/ency/article/002444.htm
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पुजा कुमारी ने बनारस हिंदू यूनिवर्सिटी से जर्नलिज्म एंड मास कम्युनिकेशन में एमए किया है। इन्होंने वर्ष 2015 में अपने... more

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