सिरके के फायदे, उपयोग और नुकसान – Vinegar Benefits, Uses and Side Effects in Hindi

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आपकी रसोई में कई ऐसे खाद्य पदार्थ मौजूद होते हैं, जिन्हें औषधीय गुणों का भंडार माना जाता है। उन्हीं में से एक है, सिरका। आमतौर पर सिरके का उपयोग स्वाद के लिए किया जाता है, लेकिन क्या आपको मालूम है कि स्वास्थ्य संबंधी आपकी कई समस्याओं का हल इसमें छिपा हुआ है। सिरके को बाल और त्वचा की देखभाल के साथ ही कई गंभीर बीमारियों जैसे:- हृदय रोग, मानसिक रोग और कैंसर के उपचार के लिए एक औषधि के रूप में इस्तेमाल किया जा सकता है। स्टाइलक्रेज के इस लेख के माध्यम से हम सिरके के फायदे और इससे जुड़ी ऐसी ही कई रोचक जानकारियां आपको देंगे।

सिरके का उपयोग और इसके पौष्टिक तत्वों को जानने से पहले हम सिरके के फायदे के बारे में बात करेंगे।

सिरके के फायदे – Benefits of Vinegar in Hindi

सिरके के फायदे की बात करें, तो औषधि के रूप में सिरका काफी फायदेमंद माना जाता है। किन-किन समस्याओं में इसका उपयोग लाभकारी सिद्ध हो सकता है, आइए अब इसके बारे में विस्तार से जानते हैं।

1. डायबिटीज में मददगार

सिरके का उपयोग डायबिटीज की समस्या को दूर करने में काफी लाभकारी माना जाता है। इसकी वजह यह है कि इसमें एसिटिक एसिड प्रचुर मात्रा में पाया जाता है। वहीं, एक शोध के माध्यम से इस बात की पुष्टि की गई है कि एसिटिक एसिड शरीर में इंसुलिन के प्रभाव को सक्रीय करता है, जो ब्लड शुगर को नियंत्रित करने में सहायक होता है। इस कारण यह कहा जा सकता है कि डायबिटीज की समस्या को दूर करने में सिरके के लाभ पाए जा सकते हैं (1)।

2. वजन करे कम

अगर आप मोटापे की समस्या से परेशान हैं, तो इसमें सिरके का उपयोग आपके लिए काफी लाभकारी साबित हो सकता है। इस समस्या से संबंधित एक शोध में इस बात का जिक्र किया गया है कि सिरके का नियमित सेवन न केवल ट्राइग्लिसराइड्स (वसा का एक प्रकार) की बढ़ती मात्रा को नियंत्रित करता है, बल्कि उपापचय (Metabolism) प्रक्रिया में सुधार कर शरीर पर जमी अतिरिक्त चर्बी को भी कम करने में सहायक माना जाता है (2)।

3. कोलेस्ट्रोल घटाए

सिरके में एसिटिक एसिड होने की वजह से इसका सेवन मोटापा और हाई बीपी की समस्या को दूर करता है। साथ ही कैल्शियम का अवशोषण करता है। साथ ही यह कोलेस्ट्रोल (खासकर बैड कोलेस्ट्रोल) और ट्राइग्लिसराइड्स की मात्रा को भी नियंत्रित करने की भी क्षमता रखता है। ऐसे में यह कहना गलत नहीं होगा कि कोलेस्ट्रोल के स्तर को कम करने में सिरके के लाभ पाए जा सकते हैं (3)।

4. बढ़ती उम्र के प्रभाव को रोके

बढ़ती उम्र के प्रभाव को रोकने के लिए बांस के सिरका का उपयोग लाभकारी हो सकता है। विशेषज्ञों के मुताबिक, बांस के सिरके में एक खास तत्व क्रेयसोल (फेनोलिक यौगिक का एक प्रकार) पाया जाता है। यह तत्व ऑक्सिडेटिव स्ट्रेस (मुक्त कणों में असमानता) को कम करने में सहायक साबित होता है। वहीं, ऑक्सिडेटिव स्ट्रेस बढ़ती उम्र के प्रभाव का एक बड़ा जोखिम कारक है। इस कारण ऐसा कहा जा सकता है कि सिरके का सेवन बढ़ती उम्र के प्रभाव को रोकने में मददगार साबित हो सकता है (4)।

5. दिल का रखे ख्याल

लेख में आपको पहले ही बताया जा चुका है कि सिरका शरीर में कोलेस्ट्रोल की मात्रा को नियंत्रित करता है। साथ ही ब्लड शुगर को भी कम करने में सहायक माना जाता है। यह दोनों ही स्थिति दिल से संबंधित समस्याओं को बढ़ाने का काम करती हैं। वहीं, इस संबंध में किए गए एक शोध से इस बात की पुष्टि होती है कि सिरका का उपयोग एथेरोस्क्लेरोसिस (आर्टरी वाल में फैट, कोलेस्ट्रॉल का जमना और धमनियों का सिकुड़ना) की समस्या को दूर करने में भी लाभकारी साबित होता है (3)। एथेरोस्क्लेरोसिस एक ऐसी समस्या है, जो ब्लड प्रेशर को बढ़ाने के साथ-साथ हार्ट अटैक का भी कारण बनती है।

6. अल्जाइमर में दिलाए राहत

बढ़ती उम्र के प्रभाव और सिरके से संबंधित एक शोध में इस बात की पुष्टि की गई कि सिरके में कुछ ऐसे तत्व पाए जाते हैं, जो एडवांस ग्लाइकेशन एंड प्रोडक्ट्स (AGEs) की प्रक्रिया को रोकने का कार्य करते हैं। AGEs प्रक्रिया में विषैले पदार्थ प्रोटीन या लिपिड के साथ मिल जाते हैं और उम्र से पहले बुढ़ापे के लक्षणों को प्रदर्शित करते हैं। अल्जाइमर की समस्या भी बढ़ती उम्र का ही एक प्रभाव है। इस कारण ऐसा माना जा सकता है कि सिरका का उपयोग अल्जाइमर की समस्या में भी लाभकारी सिद्ध होता है (5)।

7. किडनी की समस्या को करे दूर

किडनी से संबंधित समस्याओं को दूर करने में भी सिरका फायदेमंद साबित हो सकता है। बताया जाता है कि सिरके में एंटी-नेफ्रोलिथियासिस (किडनी की पथरी को रोकने वाला) प्रभाव पाया जाता है (6)। वहीं दूसरी ओर एक अन्य शोध में इस बात का जिक्र मिलता है कि सेब के सिरके में एंटीऑक्सीडेंट गुण पाए जाते हैं, जो ऑक्सीकरण के कारण होने वाले लिवर संबंधी जोखिमों को दूर करने में सहायक होते हैं (7)। ऐसे में यह कहना गलत नहीं होगा कि सिरके के लाभ में किडनी संबंधित समस्याओं से छुटकारा भी शामिल है।

8. हाइपरटेंशन में सिरके के लाभ

सिरका हाइपरटेंशन की समस्या से छुटकारा पाने का एक बेहतर विकल्प साबित हो सकता है। दरअसल, सिरके में एंटी-हाइपरटेंसिव गुण पाए जाते हैं। इस कारण यह ब्लड प्रेशर की दोनों स्थितियों सिस्टोलिक और डायस्टोलिक पर प्रभावकारी परिणाम प्रदर्शित करने में सक्षम है। इस कारण ऐसा माना जा सकता है कि सिरका का उपयोग हाइपरटेंशन की समस्या से जूझ रहे व्यक्ति को राहत दिलाने में कारगर साबित हो सकता है (8)।

9. कैंसर से करता है बचाव

सिरके का उपयोग कैंसर जैसी गंभीर समस्या में भी लाभकारी माना जाता है। दरअसल, इस संबंध में किए गए एक शोध में इस बात का जिक्र मिलता है कि एन-नाइट्रोसो-कंपाउंड (N-nitroso-compound) मानव शरीर में ट्यूमर और कैंसर का कारण बनता है। वहीं, सिरके में मौजूद औषधीय गुण इस कंपाउंड के प्रभाव को कम करने में सहायक साबित होते हैं। इस कारण ऐसा कहा जा सकता है कि सिरके का उपयोग कैंसर के जोखिमों को भी कम करने में मददगार साबित हो सकता है (9)।

10. मुंह के स्वास्थ्य के लिए लाभकारी

सिरके के लाभ में से एक है, मुंह के स्वास्थ्य को बनाए रखना। यह मुंह में मौजूद सभी कीटाणुओं को नष्ट करता है। साथ ही दांतों पर कैविटी जमने से भी रोकता है (10)। इस कारण इसे संपूर्ण मौखिक स्वास्थ्य को बनाए रखने का एक बेहतर विकल्प माना जा सकता है।

11. दाद की समस्या से दिलाए छुटकारा

सेब का सिरका शरीर पर होने वाले फंगल इन्फेक्शन से मुक्ति दिलाने में सहायक माना जाता है (11)। दाद की समस्या भी एक प्रकार का फंगल इन्फेक्शन ही है (12)। इसलिए, ऐसा कहना बिलकुल भी गलत नहीं होगा कि सेब का सिरका दाद पर भी असरदार प्रभाव डालता है।

12. पैरों की बदबू दूर करने में सहायक

लंबे समय तक जूते पहने रहने की वजह से कई लोगों के पैरों से बदबू आने लगती है। इस समस्या को दूर करने के लिए सेब के सिरके का उपयोग एक घरेलू उपचार के तौर पर किया जा सकता है। इसमें क्लीजनिंग (बैक्टीरिया की सफाई) गुण पाए जाते हैं, जो शरीर पर पनपने वाले बैक्टीरिया को नष्ट करते हैं और शरीर की दुर्गन्ध को भी दूर करने में सहायक माने जाते हैं (13)। सिरका से घरेलू उपचार के लिए आप एक टब में दो गिलास पानी डालकर उसमें एक चम्मच सेब का सिरका डाल दें। उसके बाद 10 से 15 मिनट उसमें पैर रखें। पैरों से बदबू अपने आप चली जाएगी।

13. जेलीफिश के जहर से करता है बचाव

जेलीफिश के डंक से बचाव के लिए भी सिरके के इस्तेमाल की सलाह दी जाती है। माना जाता है कि सिरके में कुछ ऐसे गुण होते हैं, जिनके कारण यह जेलीफिश के जहर के प्रभाव को नष्ट करने में सहायक साबित हो सकता है। इसके लिए आपको डंक लगने वाली जगह को सिरके से धोना होगा। इससे जेलीफिश द्वारा छोड़े गए डंक का जहरीला प्रभाव खत्म हो सकता है (14)।

14. फटी एड़ियों में सिरके के लाभ

अगर आप फटी एड़ियों की समस्या से परेशान हैं, तो सिरके का इस्तेमाल आपके लिए काफी लाभकारी साबित हो सकता है। एथिलीट फुट (पैरों से संबंधित इन्फेक्शन) में सिरका घरेलू उपचार के तौर पर इस्तेमाल किया जाता है। एड़ियों का फटना भी एथिलीट फुट का ही एक लक्षण है। इस कारण यह माना जा सकता है कि सिरके का उपयोग इस समस्या को दूर करने में भी लाभकारी साबित हो सकता है (15)। हालांकि, इस संबंध में अभी और अधिक शोध की आवश्यकता है।

15. सनबर्न को करता है ठीक

सिरके और त्वचा से संबंधित एक शोध में यह पाया गया कि सिरके में बर्निंग प्रभाव मौजूद होता है, जो कीड़ों के जहर और सनबर्न की समस्या को दूर करने में कारगर साबित होता है। इस कारण ऐसा कहा जा सकता है कि सनबर्न की समस्या में सिरका से घरेलू उपचार असरदार भूमिका निभा सकता है (16)।

16. मुंहासों से दिलाए छुटकारा

सेब का सिरका मुंहासों की समस्या से परेशान लोगों के लिए एक बेहतरीन औषधि साबित हो सकता है। दरअसल, सेब के सिरके में एंटी-बैक्टीरियल गुण पाए जाते हैं। इस गुण के कारण यह त्वचा पर मुंहासे पैदा करने वाले जीवाणुओं को नष्ट कर इस समस्या से छुटकारा दिलाने में सहायक साबित हो सकता है (17)।

17. स्किन पिगमेंटेशन को करता है ठीक

सेब का सिरका स्किन पिगमेंटेशन को ठीक करने में सहायक भूमिका निभा सकता है। इसमें मैलिक और लैक्टिक एसिड पाए जाते हैं। इन दोनों की मौजूदगी के कारण सिरका त्वचा को मुलायम बनाता है और त्वचा का पीएच संतुलन बनाए रखने में मदद करता है। इसके अलावा, सिरका त्वचा से मृत कोशिकाओं को हटाने और त्वचा पर पड़े लाल धब्बों को दूर करने का काम करता है (17)।

18. शरीर की दुर्गन्ध को दूर करने में सहायक

लेख में आपको पहले भी बताया जा चुका है कि सिरके में क्लीजनिंग (बैक्टीरिया की सफाई) करने वाले गुण पाए जाते हैं। यही बैक्टीरिया शरीर में दुर्गन्ध का कारण बनते हैं। ऐसे में सिरके का उपयोग काफी लाभकारी सिद्ध हो सकता है (13)। इस समस्या में सिरका से घरेलू उपचार के लिए बाथ टब के पानी में एक कप सिरका मिला लें। उसके बाद 10 से 15 मिनट उसी पानी में रहे। उसके बाद साफ पानी से नहा लें। इस तरह शरीर से आने वाली दुर्गन्ध चली जाएगी।

19. बालों के लिए सिरके के लाभ

सेब का सिरका बालों के लिए कंडीशनर की तरह काम करता है। विशेषज्ञों के मुताबिक, एक कप पानी में एक चम्मच सेब का सिरका डालकर बाल धोने से हेयर फॉलिकल्स साफ होते हैं। बालों का पीएच स्तर (नमी) बरकरार रहता है। इससे बाल नरम, मुलायम और चमकदार बनते हैं (18)।

लेख के आगे के भाग में हम सिरके के पौष्टिक तत्वों के बारे में जानकारी हासिल करेंगे।

सिरके के पौष्टिक तत्व – Vinegar Nutritional Value in Hindi

सिरके के पौष्टिक तत्वों की विस्तृत जानकारी आप नीचे दिए गए चार्ट के माध्यम से हासिल कर सकते हैं (19)।

पोषक तत्वयूनिटमात्राप्रति 100 ग्राम
पानीg94.78
एनर्जीKcal18
प्रोटीनg0.00
टोटल लिपिड (फैट)g0.00
कार्बोहाइड्रेटg0.04
फाइबर (टोटल डायटरी)g0.0
शुगरg0.04
मिनरल
कैल्शियमmg6
आयरनmg0.03
मैग्नीशियमmg1
फास्फोरसmg4
पोटैशियमmg2
सोडियमmg2
जिंकmg0.01
विटामिन
विटामिन सीmg0.0
थियामिनmg0.000
राइबोफ्लेविनmg0.000
नियासिनmg0.000
विटामिन बी-6mg0.000
फोलेट (डीएफई)µg0
विटामिन ए (आरएई)µg0
विटामिन ए (आईयू)IU0
विटामिन ईmg0.00
विटामिन केµg0.0
लिपिड
फैटी एसिड (सैचुरेटेड)g0.000
फैटी एसिड (मोनोअनसैचुरेटेड)g0.000
फैटी एसिड (पॉलीसैचुरेटेड)g0.000

सिरके के पौष्टिक तत्वों को जानने के बाद अब हम इसके उपयोग की बात करेंगे।

सिरके का उपयोग – How to Use Vinegar in Hindi

सिरके के उपयोग की बात की जाए, तो इसे हम निम्न बिन्दुओं के माध्यम से समझ सकते हैं-

  • सामान्य तौर पर इसे खाने के साथ इस्तेमाल किया जा सकता है।
  • वहीं, बालों से संबंधित समस्या के निवारण के लिए एक कप पानी में सिरके की एक चम्मच मात्रा का उपयोग कर उन्हें धोने के लिए इस्तेमाल कर सकते हैं।
  • वहीं, त्वचा संबंधी समस्या के लिए एक बाल्टी पानी में एक कप सिरके का इस्तेमाल कर नहाया जा सकता है। ध्यान रहे कि ऐसा करने के बाद साफ पानी से जरूर नहा लें।

अब बात आती है सिरके से होने वाले नुकसान की।

सिरके के नुकसान – Side Effects of Vinegar in Hindi

आइए कुछ बिन्दुओं की सहायता से सिरके से होने वाले नुकसान के बारे में जानते हैं।

  • बाहरी उपयोग के लिए सिरके को पानी में मिलाकर ही लगाना चाहिए। इसमें अम्लीयता ज्यादा होने के कारण इसका सीधा उपयोग त्वचा पर जलन पैदा कर सकता है (16)।
  • सिरके का अधिक उपयोग पेट में जलन की समस्या पैदा कर सकता है (16)।
  • गर्भावस्था के दौरान सिरके का उपयोग करने से पहले चिकित्सक की सलाह जरूर लें (20)।
  • सिरके के इस्तेमाल के बाद परफ्यूम या डियोड्रेंट का प्रयोग नहीं करना चाहिए, वरना एलर्जी की समस्या हो सकती है।

सिरका आपके लिए कितना फायदेमंद है, यह तो आप अच्छी तरह से जान ही गए होंगे। साथ ही आपको यह भी पता चल गया होगा कि किन समस्याओं में सिरके के लाभ पाए जा सकते हैं। लेख में आपको इसके पौष्टिक तत्वों के बारे में भी विस्तार से बताया जा चुका है। वहीं, इसके इस्तेमाल के दौरान किन सावधानियों का ध्यान रखना है, इस संबंध में भी पूरी जानकारी दी जा चुकी है। ऐसे में अगर आप सिरके को प्रयोग करने की सोच रहे हैं, तो बेहतर होगा कि लेख में दी गई सभी जानकारियों को पढ़कर सिरके के फायदे और नुकसान दोनों के बारे में पहले अच्छे से जान लें। उसके बाद ही उन्हें अमल में लाएं। आशा करते हैं कि यह लेख आपकी कई समस्याओं को हल करने में मददगार साबित होगा। इस विषय में किसी अन्य सुझाव या सवाल के लिए आप हमसे नीचे दिए गए कमेंट बॉक्स के माध्यम से जुड़ सकते हैं।

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Ankit Rastogi

अंकित रस्तोगी ने साल 2013 में हिसार यूनिवर्सिटी, हरियाणा से एमए मास कॉम की डिग्री हासिल की है। वहीं, इन्होंने अपने स्नातक के पहले वर्ष में कदम रखते ही टीवी और प्रिंट मीडिया का अनुभव लेना शुरू कर दिया था। वहीं, प्रोफेसनल तौर पर इन्हें इस फील्ड में करीब 6 सालों का अनुभव है। प्रिंट, टीवी और डिजिटल मीडिया में इन्होंने संपादन का काम किया है। कई डिजिटल वेबसाइट पर इनके राजनीतिक, स्वास्थ्य और लाइफस्टाइल से संबंधित कई लेख प्रकाशित हुए हैं। इनकी मुख्य रुचि फीचर लेखन में है। इन्हें गीत सुनने और गाने के साथ-साथ कई तरह के म्यूजिकल इंस्ट्रूमेंट बजाने का शौक भी हैं।

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