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स्किन एलर्जी के कारण, लक्षण और घरेलू इलाज – Skin Allergy Symptoms and Home Remedies in Hindi

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स्किन एलर्जी के कारण, लक्षण और घरेलू इलाज – Skin Allergy Symptoms and Home Remedies in Hindi Hyderabd040-395603080 December 24, 2019

त्वचा हमारे शरीर का सबसे संवेदनशील हिस्सा होता है। जरा-सी लापरवाही इसमें एलर्जी का कारण बन सकती है। इस एलर्जी के कारण त्वचा पर जगह-जगह खुजली और लाल चकत्ते पड़ने शुरू हो जाते हैं। इसके कारण त्वचा की खूबसूरती फीकी पड़ने लगती है और हमारा आत्मविश्वास भी डगमगाने लगता है। खासकर, युवतियों को सबसे ज्यादा चिंता होती है, लेकिन आप घबराएं नहीं, स्किन एलर्जी को कुछ सावधानियों और घरेलू उपायों की मदद से दूर किया जा सकता है। स्टाइलक्रेज के इस लेख में हम स्किन एलर्जी के बारे में विस्तार से बताएंगे। आर्टिकल में आपको स्किन एलर्जी के लक्षण, इससे बचाव के टिप्स के साथ ही स्किन एलर्जी के लिए घरेलू उपचार भी जानने को मिलेंगे।

स्किन एलर्जी के कारण, लक्षण और घरेलू इलाज जैसी महत्वपूर्ण जानकारी से पहले यह पता कर लेते हैं स्किन एलर्जी होती क्या है।

स्किन एलर्जी क्या है? – What is Skin Allergy in Hindi

त्वचा में अचानक सूजन होना, लाल चकत्ते होना और खुजली व दाने होने को स्किन एलर्जी से जोड़कर देखा जाता है। यह स्थिति तब पैदा होती है, जब हमारी त्वचा इम्यून सिस्टम को प्रभावित करने वाले एलर्जीन पदार्थ के संपर्क में आती है। अगर त्वचा पहली बार एलर्जीन के संपर्क में आए, तो इम्यून सिस्टम किसी तरह का प्रभाव नहीं दिखाता है। वहीं, बार-बार ऐसा होने से प्रतिरक्षा प्रणाली एलर्जीन पदार्थ के प्रति संवेदनशील हो जाती है, जिसकी वजह से स्किन में एलर्जी होने लगती है। ऐसा खराब साबुन, क्रीम और पालतू जानवरों के संपर्क में आने से होता है (1)।

चलिए, अब बात करते हैं स्किन एलर्जी के प्रकार के बारे में। इसके बाद नीचे लेख में हम आपको स्किन एलर्जी के कारण और कई अन्य जरूरी बाते बताएंगे।

स्किन एलर्जी के प्रकार – Types of Skin Allergy in Hindi

स्किन एलर्जी कई प्रकार की होती हैं। इनमें से कुछ प्रमुख प्रकारों के बारे में यहां विस्तार से बताया जा रहा है (2) (3) (4) (5) :

एटोपिक डर्मेटाइटिस (atopic dermatitis) : एटोपिक डर्मेटाइटिस को एटोपिक एक्जिमा के रूप में भी जाना जाता है। इस स्किन इंफेक्शन के दौरान त्वचा में खुजली और घाव बन जाते हैं। यह समस्या सबसे ज्यादा छोटे बच्चाें को होती है। बताया जाता है कि 10 में से 2 बच्चे इससे प्रभावित होते हैं। साथ ही वयस्कों में भी आम है। इससे फूड एलर्जी, अस्थमा, एलर्जी राइनाइटिस (खुजली व नाक के बहने जैसी समस्या), प्रतिरक्षा प्रणाली से संबंधित अन्य बीमारियां और मानसिक स्वास्थ्य विकार का सामना करना पड़ सकता है (6)।

अर्टिकेरिया/हीव्स (Urticaria/Hives) : हीव्स दवाई या खाद्य पदार्थ के सेवन से होने वाली एलर्जी से हो सकता है। इसमें त्वचा पर लाल चकत्ते पड़ने के साथ ही शरीर में खुजली भी हो सकती है। इसकी वजह से त्वचा में सूजन भी आ सकती है। माना जाता है कि इसके अन्य कारणों में संक्रमण और तनाव भी शामिल है। वैसे तो हीव्स को हानिकारक नहीं माना जाता है, लेकिन कई बार इसकी वजह से श्वसन नली में सूजन आ जाती है, जिससे सांस लेने में तकलीफ होती है (7)।

सेबोरहाइक डर्मेटाइटिस (Seborrheic dermatitis) : इस एलर्जी में पीले-ग्रे रंग के पैच चेहरे, स्कैल्प, छाती और पीठ पर दिखाई देने लगते हैं। इसे रूसी भी कहा जाता है, क्योंकि इसमें त्वचा काफी रूखी हो जाती है। इसके कारण त्वचा पर पपड़ी जमने लगती है। यह समस्या त्वचा में लगातार होने वाली खुजली के कारण भी हो सकती है (8)।

कॉन्टेक्ट डर्मेटाइटिस (Contact dermatitis) : यह एलर्जी कुछ चीजों के संपर्क में आने की वजह से होती है। इसे दो भागों में बांटा गया है। पहला इरिटेंट डर्मेटाइटिस (Irritant dermatitis) और दूसरा एलर्जिक कॉन्टेक्ट डर्मेटाइटिस (Allergic contact dermatitis) (3)।

  1. इर्रिटेंट डर्मेटाइटिस: यह कॉन्टैक्ट डर्मेटाइटिस का सबसे आम प्रकार है। यह सिर्फ एलर्जी के कारण नहीं, बल्कि जलन पैदा करने वाले पदार्थों से भी हो सकता है। एटोपिक डर्मेटाइटिस से प्रभावित लोगों को कॉन्टैक्ट डर्मेटाइटिस होने का खतरा ज्यादा रहता है। सीमेंट, हेयर ड्रायर, गीले डायपर, कीटनाशक, रबड़ के दस्ताने, शैंपू आदि के कारण इर्रिटेंट डर्मेटाइटिस हो सकता है।
  2. एलर्जिक कॉन्टेक्ट डर्मेटाइटिस: यह स्थिति तब उत्पन्न होती है, जब आपकी त्वचा किसी ऐसे पदार्थ के संपर्क में आती है, जिसके कारण आपको एलर्जी होती हो। जैसे : एंटीबायोटिक्स, किसी खास फैब्रिक के कपड़े, नेल पॉलिश, लिपस्टिक व खाद्य पदार्थ आदि।

एंजियोएडिमा (Angioedema) : इसमें हीव्स की तरह ही त्वचा पर सूजन होती है, लेकिन त्वचा के ऊपरी सतह की जगह त्वचा के नीचे सूजन आती है। यह एक तरह का एलर्जिक रिएक्शन है (9)।

न्यूमुलर एक्जिमा (Nummular eczema) : इसमें त्वचा पर खुजली होने लगती है और सिक्के के आकार के धब्बे दिखाई देने लगते हैं। दरअसल, लैटिन भाषा में न्यूमुलर शब्द का अर्थ ही ‘सिक्कों जैसा’ होता है। बाद में ये धब्बे लाल, सूखे, खुजलीदार और पपड़ीदार होने लगते हैं। हालांकि, न्यूमुलर एक्जिमा होने का कारण स्पष्ट नहीं है, लेकिन माना जाता है कि यह एलर्जी, दमा और एटॉपिक डर्मेटाइटिस से प्रभावित लोगों को हो सकता है (10)।

स्किन एलर्जी के प्रकार जानने के बाद एक नजर डाल लेते हैं स्किन एलर्जी के कारण पर।

स्किन एलर्जी के कारण – Causes of Skin Allergy in Hindi

जैसा कि लेख के शुरुआत में बताया गया है कि एलर्जी आपकी प्रतिरक्षा प्रणाली से जुड़ी होती है। साथ ही जरूरी नहीं है कि हर किसी को एक ही चीज से एलर्जी हो जाए। फिलहाल, यहां हम स्किन एलर्जी से संबंधित सभी आम कारण बता रहे हैं (11) (12) (13) :

  • पराग
  • धूल के कण
  • पालतू पशु
  • खाना
  • कीड़े का डंक
  • दवाई
  • शैम्पू
  • धातु
  • परफ्यूम
  • पेड़-पौधे जैसे कैमोमाइल और अर्निका
  • साफ-सफाई के लिए इस्तेमाल होने वाले पदार्थ
  • एसेंशियल ऑयल
  • त्वचा पर लगाई गई दवा
  • लिपस्टिक और साबुन

स्किन एलर्जी का कारण जानने के बाद, अब स्किन एलर्जी के लक्षण की बात कर लेते हैं।

स्किन एलर्जी के लक्षण – Symptoms of Skin Allergy in Hindi

Symptoms of Skin Allergy in Hindi Pinit

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स्किन एलर्जी के लक्षण के बारे में जानना भी आपको जरूरी है, ताकि आप इसके फैलने से पहले ही सतर्क हो सकें। कुछ आम लक्षण इस प्रकार हो सकते हैं (5) (14):

  • पेट में ऐंठन
  • सांस लेने में कठिनाई
  • आंखों और मुंह में सूजन
  • आंखों के टिश्यू में सूजन
  • पलकें और आंख की सतह को जोड़ने वाले टिश्यू में सूजन (कीमोसिस)
  • रैशेज
  • खुजली
  • दाने होना
  • त्वचा में लाल धब्बे
  • सूजन
  • स्किन में धक्कों का बनना
  • पपड़ीदार त्वचा
  • फटी त्वचा

स्किन एलर्जी के लक्षण और कारण जानने के बाद चलिए, अब आपको विस्तार से स्किन एलर्जी के घरेलू उपाय के बारे में बताते हैं।

स्किन एलर्जी के लिए घरेलू उपाय – Home Remedies for Skin Allergy in Hindi

1. सेब का सिरका

सामग्री:
  • सेब के सिरके का एक बड़ा चम्मच
  • 1 कप पानी
  • रूई
उपयोग का तरीका:
  • पानी को गर्म करके उसमें सेब का सिरका मिलाकर मिक्स कर लें।
  • अब रूई को इस मिश्रण में मिलाकर प्रभावित जगह पर लगाएं।
  • 15 से 20 मिनट तक इसे सूखने दें और फिर त्वचा को धो लें।
  • जब तक स्किन एलर्जी में सुधार नहीं होता, तब तक आप इस प्रक्रिया को रोजाना दो बार दोहरा सकते हैं।
कैसे लाभदायक है:

सेब का सिरका (एप्पल साइडर विनेगर) एल्कलाइन नेचर का होता है। इसमें एंटीइंफ्लेमेटरी और रोगाणुरोधी गुण भी होते हैं (15) (16)। इन गुणों के कारण यह त्वचा की एलर्जी को कम करने में मदद करता है और स्किन को संक्रमण से बचाता है (17)। दरअसल, एंटीइंफ्लेमेटरी गुण सूजन को और रोगाणुरोधी गुण संक्रमण को पनपने व फैलने से रोकते हैं (18) (19)।

[ पढ़े: Apple Cider Vinegar Ke Fayde in Hindi ]

2. एलोवेरा

सामग्री:
  • एलोवेरा का ताजा पत्ता
उपयोग का तरीका:
  • एलोवेरा के पत्ते को काटकर उसमें से जेल निकाल लें। आप बाजार से भी एलोवेरा जेल खरीद सकते हैं।
  • अब जेल को प्रभावित जगह पर लगाएं।
  • इसे कम से कम 30 मिनट सूखने दें।
  • सूखने के बाद त्वचा को अच्छे से धो लें।
  • आप प्रतिदिन इस प्रक्रिया को एलर्जी ठीक न होने तक दो से तीन बार दोहरा सकते हैं।
कैसे लाभदायक है:

एलोवेरा जेल को अपने हीलिंग गुणों के लिए जाना जाता है। इसलिए, यह स्किन एलर्जी के उपचार में भी इसका इस्तेमाल किया जाता है। इसमें मौजूद एंटी इंफ्लेमेटरी गुण खुजली और चेहरे में पड़ने वाले लाल धब्बों से राहत दिलाने में मदद करते हैं। एलोवेरा जेल में बैक्टीरिया और फंंगस को खत्म करने वाले गुण भी होते हैं। यह स्किन रोग से संबंधित प्लाग को भी कम करने के लिए जाना जाता है। स्किन एलर्जी से छुटकारा पाने के लिए आप इसके जूस का भी सेवन कर सकते हैं (20) (21)।

[ पढ़े: Aloe Vera Ke Fayde in Hindi ]

3. बेकिंग सोडा

सामग्री:
  • एक चम्मच बेकिंग सोडा
  • आवश्यकतानुसार पानी
उपयोग का तरीका:
  • एक चम्मच बेकिंग सोडा लें और इसमें पानी की कुछ बूंदें डालकर गाढ़ा पेस्ट बना लें।
  • अब इस मिश्रण को प्रभावित त्वचा पर लगाएं।
  • लगभग 10 मिनट के बाद त्वचा को धो लें।
  • एलर्जी से राहत न मिलने तक आप इसे दिन में दो से तीन बार इस्तेमाल कर सकते हैं।
कैसे लाभदायक है:

बेकिंग सोडा को सोडियम बाइकार्बोनेट भी कहा जाता है, जिसे स्किन इंफेक्शन को दूर करने के लिए इस्तेमाल किया जा सकता है (22)। सोडियम बाइकार्बोनेट त्वचा के विभिन्न विकारों के लिए उपयोग में लाया जाता है। इसके पेस्ट को लोग एंटीप्रायटिक (खुजली को ठीक करने वाली दवा) के रूप में इस्तेमाल करते हैं। हालांकि, अब तक यह स्पष्ट नहीं हो पाया है कि बेकिंग सोडा में एंटीप्रायटिक प्रभाव उत्पन्न होने का कारण इसमें मौजूद शीतलता है या कुछ और (23) (24)। लेकिन, यह स्पष्ट है कि बेकिंग सोडा एलर्जी से राहत देने में मदद कर सकता है।

[ पढ़े: Baking Soda Benefits in Hindi ]

4. नारियल का तेल

  • नारियल के तेल की कुछ बूंदें
उपयोग का तरीका:
  • नारियल के तेल की कुछ बूंदों को हथेली पर लेकर प्रभावित त्वचा पर लगाएं।
  • 20 से 30 मिनट बाद त्वचा को सादे पानी से धोएं और फिर तौलिये से सुखा लें।
  • एलर्जी से राहत न मिलने तक आप यह प्रक्रिया रोजाना 3 से 4 बार दोहरा सकते हैं।
कैसे लाभदायक है:

नारियल का तेल मॉइस्चराइजिंग गुण से भरपूर होता है (25)। इसमें एनाल्जेसिक और एंटी-इंफ्लेमेटरी गतिविधियां मौजूद होती हैं (26)। इसलिए, माना जाता है कि नारियल का तेल त्वचा की एलर्जी के कारण होने वाली लालिमा और खुजली से छुटकारा दिलाने में मदद करता है (27)।

[ पढ़े: Nariyal Tel Ke Fayde in Hindi ]

5. एसेंशियल ऑयल्स

(क) पेपरमिन्ट ऑयल

सामग्री:
  • पेपरमिंट ऑयल की 6-7 बूंदें
  • 1 चम्मच अन्य तेल (नारियल, जैतून या जोजोबा)
उपयोग का तरीका:
  • पेपरमिंट तेल की छह से सात बूंदें को अन्य तेल में मिक्स कर लें।
  • फिर इसे एलर्जी से प्रभावित स्किन पर लगाएं।
  • इसे लगाने के 30 से 60 मिनट बाद त्वचा को धो लें।
  • आराम न मिलने तक आप इस प्रक्रिया को 3 से 4 बार दोहरा सकते हैं।
कैसे लाभदायक है:

पेपरमिंट तेल के मुख्य घटकों में से एक मेन्थॉल है। मेन्थॉल में एंटी-इंफ्लेमेटरी और खुजली को कम करने वाले गुण होते हैं (28) (29)। इसलिए, माना जाता है कि पेपरमिंट ऑयल एलर्जी के कारण होने वाली सूजन और खुजली में राहत देने का काम कर सकता है।

(ख) टी-ट्री तेल

सामग्री:
  • टी ट्री ऑयल की 6 से 7 बूंदें
  • अन्य तेल का 1 चम्मच
उपयोग का तरीका:
  • टी ट्री ऑयल को अन्य तेल के साथ मिक्स कर लें।
  • फिर इसे प्रभावित त्वचा पर लगाएं।
  • 30 से 60 मिनट बाद इसे धो लें।
  • एलर्जी में जब तक आप सुधार नहीं दिखता, तब तक आप इसे रोजाना 3 से 4 बार लगाएं।
कैसे लाभदायक है:

टी ट्री ऑयल में एंटीइंफ्लेमेटरी और रोगाणुरोधी गुण पाए जाते हैं (30)। ये गुण सूजन से राहत दिलाने में मदद करते हैं। साथ ही संक्रमण को फैलने से रोकते हैं। इसके अलावा टी-ट्री ऑयल में स्किन इंफेक्शन की वजह से होने वाली खुजली को दूर करने वाले एंटीप्रायटिक गुण भी होते हैं (31)।

[ पढ़े: Tea Tree Oil Ke Fayde in Hindi ]

6. तुलसी

सामग्री:
  • मुट्ठी भर तुलसी के पत्ते
उपयोग का तरीका:
  • तुलसी के पत्तों को धोकर ग्राइंडर में डालकर पेस्ट बना लें।
  • इसके बाद पेस्ट को प्रभावित जगह पर लगाएं।
  • 20 से 30 मिनट बाद त्वचा को धो लें।
  • राहत न मिलने तक इसे इस्तेमाल किया जा सकता है।
कैसे लाभदायक है:

तुलसी में रोगाणुरोधी गुण पाए जाते हैं, जो आपकी त्वचा को संक्रमण से बचा सकते हैं। इसके अलावा, इसमें एंटी-इंफ्लेमेटरी गुण होते हैं, जो स्किन एलर्जी से जुड़ी लालिमा, सूजन और खुजली को कम करने में मदद करते हैं (32)। साथ ही इसमें एंटी-एलर्जिक गुण भी होते हैं (33)।

[ पढ़े: Basil Ke Fayde in Hindi ]

7. शहद

सामग्री
  • 2 से 3 चम्मच शहद
उपयोग का तरीका:
  • मनुका शहद को सीधे प्रभावित त्वचा पर लगाएं।
  • 20 से 30 मिनट बाद इसे धो लें।
  • स्किन एलर्जी ठीक न होने तक आप इस प्रक्रिया को प्रतिदिन तीन से चार बार दोहरा सकते हैं।
कैसे लाभदायक है:

मनुका शहद में एंटीमाइक्रोबियल गुण होते हैं। यह गुण न केवल एलर्जी से होने वाले चकत्ते को ठीक करता है, बल्कि खुजली और लालिमा से भी राहत दिलाता हैं (34)। इसलिए, मनुका शहद का इस्तेमाल स्किन एलर्जी के घरेलू उपचार के रूप में किया जाता है।

[ पढ़े: Shahad Ke Fayde in Hindi ]

8. अमरूद की पत्तियां

सामग्री:
  • मुट्ठीभर अमरूद की पत्तियां
उपयोग का तरीका:
  • अमरूद को अच्छे से घो लें।
  • अब आवश्यकतानुसार पानी डालकर पत्तियों को पीस लें।
  • फिरि पेस्ट को प्रभावित त्वचा पर लगाएं।
  • वैकल्पिक रूप से, आप अमरूद की पत्तियों को हाथों से कुचलकर बाथ टब में भी डाल सकते हैं।
  • इसके 20 मिनट बाद इस पानी में कुछ देर बैठें।
  • राहत न मिलने तक आप रोजाना दो बार इस प्रक्रिया को दोहरा सकते हैं।
कैसे लाभदायक है:

अमरूद की पत्तियों को एंटी-इंफ्लेमेटरी और एंटी-एलर्जिक गुणों के लिए जाना जाता है (35) (36)। इसी वजह से इसके पेस्ट और पानी के प्रयोग से एलर्जी के कारण होने वाली खुजली और लाल चकत्ते से राहत मिलती है।

9. अदरक

सामग्री:
  • अदरक का एक टुकड़ा
  • 1 कप पानी
  • रूई
उपयोग का तरीका:
  • अदरक के टुकड़े और पानी को सॉस पैन में डालकर 5 मिनट के लिए उबाल लें।
  • जब पानी थोड़ा ठंडा हो जाए, तो उसमें रूई को डुबोकर प्रभावित जगह पर लगाएं।
  • इसे करीब 30 से 40 मिनट तक लगा रहने दें और फिर धो लें।
  • एलर्जी ठीक न होने तक रोजाना इस प्रक्रिया को तीन से चार बार दोहराया जा सकता है।
कैसे लाभदायक है:

अदरक में एलर्जी की वजह से होने वाली समस्या से लड़ने के लिए प्रभावशाली एंटीइंफ्लेमेटरी गुण होते हैं (37)। इसलिए, माना जाता है कि यह त्वचा की सूजन को दूर करने में मदद कर सकता है। एक शोध के मुताबिक, इसे एलर्जिक डर्मेटाइटिस के लिए वैकल्पिक रूप से इस्तेमाल कर सकते हैं (38)।

[ पढ़े: Adrak Ke Fayde in Hindi ]

10. पेट्रोलियम जेली (वैसलीन)

सामग्री:
  • वैसलीन
उपयोग का तरीका:
  • पेट्रोलियम जैली को सीधे एलर्जी से प्रभावित जगह पर लगाएं।
  • इसे लगाने के बाद ऐसे ही छोड़ दें और जरूर पड़ने पर फिर इस्तेमाल करें।0
  • आप इस प्रकिया को तब तक दोहरा सकते हैं, जब तक कि एलर्जी के लक्षण ठीक न हो जाएं।
कैसे लाभदायक है:

पेट्रोलियम जैली त्वचा पर सुरक्षात्मक परत बनाती है। जैली त्वचा पर बुरा प्रभाव डालने वाले केमिकल एल्यूमीनियम क्लोराइड के खिलाफ प्रभावी असर दिखाती है। इसलिए, त्वचा संबंधी समस्या में इसका इस्तेमाल करने पर सुधार पाया गया (39)। साथ ही यह आपकी त्वचा को मॉइस्चराइज रखने में भी मदद करती है। कई बार डॉक्टर भी स्किन एलर्जी के दौरान ड्रा होती स्किन में पेट्रोलियम जैली लगाने का सुझाव देते हैं (10)।

11. नींबू का रस

सामग्री:
  • आधा नींबू
  • 1 कप गर्म पानी
  • रूई
उपयोग का तरीका:
  • एक कप गर्म पानी में आधे नींबू को निचोड़ कर मिक्स कर लें।
  • फिर रूई की मदद से प्रभावित जगह पर लगाएं।
  • कुछ देर बाद इसे धो लें।
  • एलर्जी से राहत न मिलने तक आप इसे रोजाना एक से दो बार दोहरा सकते हैं।
कैसे लाभदायक है:

नींबू का रस भी आपको स्किन एलर्जी से राहत दिलाने में मदद कर सकता है। दरअसल, नींबू एंटीइंफ्लेमेटरी गुण से भरपूर होता है (40)। यह गुण त्वचा में आई सूजन और लालिमा को ठीक करने में मदद करता है (41)। साथ ही इसमें मौजूद एंटी माइक्रोबियल एजेंट संक्रमण को फैलने के साथ ही पनपने से भी रोकते हैं (38) (18)।

12. कलौंजी का तेल

सामग्री:
  • आवश्यकतानुसार कलौंजी का तेल यानी काले बीज का तेल
उपयोग का तरीका:
  • एक कटोरी में आवश्यकतानुसार कलौंजी के तेल की कुछ बूंदें लें।
  • अब इसे एलर्जी प्रभावित जगह पर लगाएं।
  • लगभग 30 से 60 मिनट बाद त्वचा को धो लें।
  • एलर्जी ठीक न होने तक रोजाना इस प्रक्रिया को तीन से चार बार दोहराया जा सकता है।
कैसे लाभदायक है:

कलौंजी में शक्तिशाली एंटीइंफ्लेमेटरी और एनाल्जेसिक गुण होते हैं (42)। इसके अलावा, कलौंजी में एंटीप्रायटिक (antipyretic) एजेंट भी पाए जाते हैं (43)। ये तीनों गुण स्किन एलर्जी के उपचार में बेहतर माने जाते हैं। कलौंजी के तेल में मौजूद जीवाणुरोधी गतिविधि ग्राम पॉजिटिव जीवाणुओं (Gram-positive bacteria) से लड़ने में काफी प्रभावी मानी जाती है (44)। ग्राम पॉजिटिव जीवाणु बैक्टीरिया का एक प्रकार है, जिसमें विभिन्न स्टेफिलोकोकस और एंटरोकॉची (Enterococci) जीवाणु शामिल होते हैं। ये स्किन एलर्जी और अन्य शारीरिक समस्याओं का कारण बनते हैं।

13. नीम

सामग्री:
  • मुट्ठीभर नीम के पत्ते (ताजा या सूखे हुए)
उपयोग का तरीका:
  • नीम के पत्तों को पीसरक महीन पेस्ट बना लें।
  • अब इस पेस्ट को प्रभावित त्वचा पर लगाएं।
  • 20 से 30 मिनट बाद इसे धो लें।
  • त्वचा में सुधार न होने तक आप इस प्रक्रिया को रोजना 3 से 4 बार दोहरा सकते हैं।
कैसे लाभदायक है:

नीम में एंटीइंफ्लेमेटरी गुण होते हैं, जो एलर्जी के कारण त्वचा में हुई खुजली, लालिमा और सूजन को कम कर सकते हैं। इसमें प्राकृतिक एंटीहिस्टामाइन (antihistamine) गुण भी होता है, जो स्किन एलर्जी के इलाज में प्रभावी माना जाता है (45) (46)।

स्किन एलर्जी का घरेलू उपाय जानने के बाद अब स्किन एलर्जी का इलाज के बारे में चर्चा कर लेते हैं।

स्किन एलर्जी का इलाज – Treatment of Skin Allergy in Hindi

अगर स्किन एलर्जी से संबंधित हल्के लक्षण नजर आ रहे हैं, तो ये कुछ दिनों में अपने आप ठीक हो सकते हैं। वहीं, अगर आपको सांस लेने में कठिनाई हो रही है, तो तुरंत डॉक्टर से संपर्क करें। आपकी एलर्जी के आधार पर डॉक्टर मेडिकेटेड क्रीम, लोशन व खाने वाली दवा दे सकते हैं। अगर समस्या गंभीर है, तो डॉक्टर सर्जरी की सलाह दे सकते हैं (5) (47)।

स्किन एलर्जी का इलाज जानने के बाद अब बात करते हैं, इस दौरान किए जाने वाले परहेज की।

स्किन एलर्जी में परहेज – What to Avoid During Skin Allergy in Hindi

स्किन एलर्जी के दौरान आपको कई चीजों से परहेज करना होता है। इसमें धूल व धूप के साथ-साथ कुछ खाद्य पदार्थ भी शामिल हैं, जो स्किन एलर्जी को बढ़ा सकते हैं (48)।

  • मछली
  • मूंगफली
  • अखरोट व अन्य नट्स
  • अंडा
  • दूध
  • सोया
  • गेहूं

आगे हम आपको स्किन एलर्जी से बचने के उपाय के बारे में बताएंगे।

स्किन एलर्जी से बचने के उपाय – Prevention Tips for Skin Allergy in Hindi

यहां हम स्किन एलर्जी से बचने के कुछ तरीके बता रहे हैं (47) (5) (49) :

  • अपनी त्वचा को स्क्रब न करें।
  • जितना हो सके माइल्ड व केमिकल रहित साबुन इस्तेमाल करें। साबुन की जगह आप सौम्य यानी जेंटल क्लींजर का भी इस्तेमाल कर सकते हैं।
  • सीधे रैशेज पर कॉस्मेटिक लोशन या मलहम लगाने से बचें।
  • चेहरे की सफाई के लिए गुनगुने पानी का उपयोग करें।
  • त्वचा को तौलिये, टिशू पेपर या अन्य किसी चीज से न रगड़ें।
  • हाल ही में इस्तेमाल में लाए गए कॉस्मेटिक्स या लोशन का उपयोग बंद करें।
  • एलर्जी वाली जगह पर हवा लगने दें।
  • ऐसी चीजों के संपर्क से बचें, जिनसे आपकी एलर्जी होती है।
  • बिना डॉक्टरी सलाह के कोई दवा न खाएं।
  • कोल्ड कंप्रेस या कोल्ड शॉवर एलर्जी की वजह से होने वाले दर्द को कम कर सकता है।
  • सूरज की हानिकारक किरणों से बचें।
  • काम करते समय दस्तानों का इस्तेमाल करें।

त्वचा आपकी खूबसूरती का पहला मापदंड है। ऐसे में स्किन एलर्जी आपकी सुंदरता को कम कर सकती है, लेकिन आप घबराएं नहीं, बल्कि सतर्क रहें। वैसे, आप इस लेख से स्किन एलर्जी के कारण, लक्षण, इससे बचाव के तरीके और घरेलू नुस्खे सब जान ही चुके हैं। तो बस देर किस बात की अगर आपको त्वचा संबंधित एलर्जी है, तो स्किन एलर्जी के घरेलू नुस्खे आजमाएं। अगर, एलर्जी नहीं है, तो भी आप इस लेख में दिए गए बचाव के तरीकों को अपना कर अपनी स्किन को स्वस्थ रख सकते हैं। आपको यह लेख कैसा लगा हमें नीचे दिए कमेंट बॉक्स के जरिए जरूर बताएं। साथ ही अगर आपके पास स्किन एलर्जी से संबंधित और कोई जानकारी है, तो उसे भी हमारे साथ शेयर करें, ताकि अन्य पाठकों को भी उसका लाभ मिले।

अक्सर पूछे जाने वाले सवाल

जब खाद्य पदार्थ से (फूड) एलर्जी होती है, तो शरीर में क्या बदलाव होते हैं?

खाद्य पदार्थ से होने वाली एलर्जी (फूड एलर्जी) एक तरह की इम्यून प्रतिक्रिया है, जो कुछ विशिष्ट भोजन की वजह से होती है। फूड एलर्जी की वजह से आवाज खराब हो सकती और त्वचा पर रैशेज हो सकते हैं। इसके अलावा चेहरे, आंखों व होंठों में सूजन होना, खाना निगलने में परेशानी, सांस लेने में परेशानी, नाक का बहना, डायरिया, पेट में ऐंठन, जी-मिचलना और कभी-कभी बेहोशी भी हो सकती है (48)।

एलर्जीक रिएक्शन कितने समय बाद दूर हो जाता है?

कई स्किन एलर्जी कुछ घंटों में ही दूर हो जाती हैं, तो कुछ कई दिनों तक रहती हैं। यह इस बात पर निर्भर करता है कि आपको किस चीज से एलर्जी हुई है और आपकी त्वचा कितनी नाजुक है। दरअसल, कई बार एलर्जी के लक्षण पहले हल्के होते हैं और बाद में गंभीर हो जाते हैं (13)। इसलिए, इसका सटीक समय बताना मुश्किल है। आमतौर, पर माना जाता है कि एलर्जी एक से दो दिन में ठीक हो जाती है। अगर ऐसा न हो, तो तुरंत डॉक्टर से संपर्क करें (50)।

स्किन एलर्जी के लिए कौन सी दवाई सबसे अच्छी होती है?

स्किन एलर्जी के उपचार के लिए मॉइस्चराइजर और लोशन सबसे बेहतर होते हैं। इसके अलावा कॉर्टिकोस्टेरॉइड (corticosteroid) दवा को त्वचा पर लगाने की भी सलाह दी जाती है (3)। साथ ही एंटीहिस्टमिन्स (antihistamines) दवा का सेवन करने से भी सूजन कम हो सकती है (4)।

स्किन एलर्जी के लिए सबसे अच्छी क्रीम कौन सी है?

कोर्टिसोन क्रीम आपकी त्वचा को एलर्जी के कारण होने वाले सूजन को कम करने में मदद करती है और एंटीथिस्टेमाइंस (antihistamines) खुजली से राहत देती है (47)। इसके अलावा, टैक्रोलीमस (tacrolimus) या पिमेक्रोलिमस (pimecrolimus) के इस्तेमाल की भी सलाह दी जा सकती है (3)।

स्किन एलर्जी के लिए कौन सा साबुन सबसे अच्छा काम करता है?

सिर्फ रसायन रहित व आयुर्वेदिक साबुन ही इस्तेमाल करना चाहिए। इसके अलावा, डॉक्टर की सलाह पर कीटोकोनाजोल (Ketoconazole) से बना साबुन भी उपयोग कर सकते हैं, जिसे खास स्किन एलर्जी के दौरान प्रयोग किया जाता है (51)।

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vinita pangeni

विनिता पंगेनी ने एनएनबी गढ़वाल विश्वविद्यालय से मास कम्यूनिकेशन में बीए ऑनर्स और एमए किया है। टेलीविजन और डिजिटल मीडिया में काम करते हुए इन्हें करीब चार साल हो गए हैं। इन्हें उत्तराखंड के कई पॉलिटिकल लीडर और लोकल कलाकारों के इंटरव्यू लेना और लेखन का अनुभव है। विशेष कर इन्हें आम लोगों से जुड़ी रिपोर्ट्स करना और उस पर लेख लिखना पसंद है। इसके अलावा, इन्हें बाइक चलाना, नई जगह घूमना और नए लोगों से मिलकर उनके जीवन के अनुभव जानना अच्छा लगता है।

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