पीठ के बल सोने के फायदे और नुकसान – Benefits and Side Effects of Sleeping on Your Back in Hindi

Written by , (शिक्षा- बैचलर ऑफ जर्नलिज्म एंड मीडिया कम्युनिकेशन)

हम कैसे सोते हैं, इसका हमारी सेहत पर गहरा प्रभाव पड़ता है। कई लोग करवट लेकर सोते हैं, तो कुछ लोगों को पेट के बल और कुछ लोगों को पीठ के बल सोने की आदत होती है। बहुत कम लोग जानते हैं कि पर्याप्त नींद लेने के साथ-साथ सही पोजीशन में सोना बेहद आवश्यक होता है। स्टाइलक्रेज के इस लेख में आज हम पीठ के बल सोने के फायदे के बारे में बात करेंगे। साथ ही इस लेख में हम पेट के बल सोने के नुकसान के बारे में भी जानेंगे। जानकरी के लिए लेख को अंत तक पढ़ें।

स्क्रॉल करें

लेख की शुरुआत करते हैं पीठ के बल साेने के फायदे के बारे में।

पीठ के बल सोने के फायदे – Benefits of Sleeping On Your Back in Hindi

यदि बात करें सीधा सोने के फायदे की, तो इस विषय पर कई अध्ययन किए जा चुके हैं, जिनमें सेहत के लिए पीठ के बल सोने के फायदे कई सारे पाए गए हैं। लेख में नीचे हम उन्हीं फायदों के बारे में जानेंगे।

1. कमर दर्द को कम करे

सोने की अव्यवस्थित और गलत मुद्रा अक्सर शरीर में दर्द का कारण बन सकती है, जिसमें सबसे प्रमुख है कमर का दर्द (1)। एक शोध के अनुसार, सही मुद्रा में सोने से कमर दर्द की समस्या में कुछ हद तक आराम मिल सकता है। इसके लिए पीठ के बल सोते समय घुटनों के नीचे तकिया रखने की सलाह दी गई है। साथ ही यह भी बताया गया है कि पेट के बल सोने से कमर पर खिंचाव पड़ सकता है, जिससे कमर दर्द पहले से ज्यादा हो सकता है (2)। इस आधार पर यह कहना गलत नहीं होगा कि पीठ के बल लेटने के फायदे में कमर दर्द से राहत पाना भी शामिल है।

2. गर्दन के दर्द में लाभदायक

गर्दन के दर्द के लिए भी पीठ के बल लेटने के फायदे देखे जा सकते हैं। एनसीबीआई (नेशनल सेंटर फॉर बायोटेक्नोलॉजी इंफार्मेशन) की वेबसाइट पर प्रकाशित एक रिसर्च में साफतौर से यह बताया गया है कि पीठ के बल सोते समय यदि तकिये को गर्दन और पैरों के नीचे रखा जाता है, तो यह गर्दन के मस्कुलोस्केलेटल यानी मांसपेशियां, जोड़ों व हड्डियों में होने वाले दर्द से बचाव कर सकता है (3)। हालांकि, शोध में इस बात का भी जिक्र मिलता है कि पीठ के बल सोने के साथ ही सोते समय सोने का तरीका भी सही होना जरूरी है।

3. सिर दर्द में आराम मिले

सही अवस्था में सोने से न सिर्फ कमर और गर्दन दर्द, बल्कि सिर दर्द में भी आराम मिल सकता है। एक रिसर्च के अनुसार अव्यवस्थित और अपर्याप्त नींद सिरदर्द का कारण बन सकती है। वहीं, नींद की गुणवत्ता में सुधार और पर्याप्त नीद से सिरदर्द को कम किया जा सकता है (4)।

इसके अलावा, एक एक अन्य रिसर्च में बताया गया है कि सिर के नीचे तकिया रखकर पीठ के बल सोया जाए, तो इससे सोने में आराम मिलने के साथ सिर दर्द की समस्या में काफी हद तक राहत मिल सकती है (5)।

4. झुर्रियों की समस्या से बचाव

गलत तरीके से सोने से हमारी त्वचा पर भी नकारात्मक प्रभाव देखने को मिल सकते हैं। एनसीबीआई पर उपलब्ध एक शोध में बताया गया है कि नींद के दौरान गलत अवस्था में सोने से झुर्रियों की समस्या हो सकती है। ऐसा त्वचा पर सिकुड़न पड़ने का कारण होता है (6)।

जानकारों की मानें, तो पेट के बल या करवट लेकर सोते समय त्वचा चादर व तकिये से घिसती है। वहीं, इनमें कीटाणू भी हो सकते हैं, जो त्वचा पर बुरा असर दर्शा सकते हैं। यही वजह है कि त्वचा के लिए पीठ के बल सोना सबसे बेहतर माना जाता है। हालांकि, इस विषय पर अधिक शोध की जरूरत है।

5. कंधे में दर्द में फायदेमंद

कई लोगों को सोकर उठने पर कंधे को हिलाने में परेशानी होती है। कंधे के दर्द से परेशान लोगों के लिए पीठ के बल सोना लाभदायक हो सकता है। दरअसल, कुछ लोग दाएं या बाएं कंधे के बल सोते हैं। इससे पूरी रात एक ही तरफ के कंधे पर भार पड़ सकता है, जो कंधे में दर्द का कारण बन सकता है (7)। ऐसे लोगों को सोने की मुद्रा बदलने की सलाह दी जाती है, जिसमें पीठ के बल सोना अच्छा माना जाता है।

पढ़ते रहें

पीठ के बल सोने के फायदे जानने के बाद लेख में आगे सीधा सोने से जुड़े कुछ टिप्स बता रहे हैं।

सीधा सोने के लिए टिप्स – Tips for Sleeping On Your Back in Hindi

सीधा सोने के लिए नीचे दिए गए टिप्स को आजमाया जा सकता है, जो कुछ इस प्रकार हैं (2) –

  • सबसे पहले सही मैटरेस यानी गद्दे का चुनाव करें।
  • इसके बाद गर्दन को सहारा देते हुए पीठ के बल लेट जाएं।
  • अब घुटनों के नीचे एक आरामदायक तकिया रखें।
  • इसके बाद अपने हाथ और पैर फैलाएं।
  • अब आराम से सांस लेते हुए अपने मन को शांत करके सो जाएं।

पढ़ना जारी रखें

लेख के इस भाग में पीठ के बल सोने के नुकसान के बारे में जानेंगे।

पीठ के बल सोने के नुकसान – Side Effects of Sleeping On Your Back in Hindi

निम्न बिन्दुओं के माध्यम से पीठ के बल सोने के नुकसान जान सकते हैं (8)।

  • पीठ के बल सोने पर सांस लेने में तकलीफ के साथ ही गंभीर हाइपोक्सिमिया यानी शरीर में ऑक्सीजन की कमी हो जाती है।
  • यह हृदय की समस्या का कारण भी बन सकता है।
  • अधिक वजन वाले व्यक्ति, जिन्हें गंभीर श्वसन की समस्या है, उन्हें डॉक्टर पीठ के बल लेटने से मना करते हैं। ऐसा इसलिए क्योंकि इससे उनकी सांस रुकने के कारण जान का जोखिम तक हो सकता है।
  • जिन्हें सोते समय खर्राटे लेने की आदत है, पीठ के बल सोने से उनकी समस्या बढ़ सकती है (9)।
  • एक रिसर्च के मुताबिक कभी-कभी पीठ के बल सोने पर यह कमर और पीठ के दर्द का कारण भी बन सकता है (10)।

कुछ देर आराम करने के लिए या फिर कभी-कभी पीठ के बल सोया जा सकता है। पीठ के बल सोने के फायदे पाने के लिए सोते समय सही मुद्रा में सोना भी उतना ही आवश्यक है। लेख में ऊपर पीठ के बल सोने के सही तरीके के बारे में भी बताया गया है। जहां, एक ओर पीठ के बल सोने के फायदे हैं, तो वहीं कुछ स्थितियों में पीठ के बल सोने के नुकसान भी हो सकते हैं। इसलिए, किसी भी तरह की स्वास्थ्य स्थिति होने पर डॉक्टर की सलाह को ही तरजीह दें।

अक्सर पूछे जाने वाले सवाल

पीठ के बल सोना हानिकारक क्यों है?

पीठ के बल सोने के कई फायदे हैं। हां, कुछ मामलों में यह हानिकारक हो सकता है। जैसे, जिन लोगों को सांस संबंधित कोई तकलीफ है, तो उन्हें पीठ के बल सोने से परहेज करना चाहिए। उनके लिए पीठ के बल सोना जानलेवा भी हाे सकता है (8)।

क्या बैक स्लीपर्स को तकिये की जरूरत होती है?

हां, बैक स्लीपर्स यानी पीठ के बल सोने वाले लोगों को सिर को सहारा देने और शरीर को सही पोश्चर में लाने के लिए तकिये की जरूरत होती है।

मुझे अपनी पीठ के बल कब नहीं सोना चाहिए?

यदि आपको सांस से संबंधित कोई रोग, स्पाइनल से जुड़ी कोई परेशानी या सोते समय खर्राटे लेने की समस्या हो, तो ऐसे में पीठ के बल सोने से बचना चाहिए (9)।

संदर्भ (Sources):

Articles on StyleCraze are backed by verified information from peer-reviewed and academic research papers, reputed organizations, research institutions, and medical associations to ensure accuracy and relevance. Read our editorial policy to learn more.

  1. Effects of sleeping position on back pain in physically active seniors: A controlled pilot study
    https://content.iospress.com/articles/work/wor2243
  2. Sleeping Position and Back Pain
    https://www.researchgate.net/publication/340684226_Sleeping_Position_and_Back_Pain
  3. Effect of sleep posture on neck muscle activity
    https://www.ncbi.nlm.nih.gov/pmc/articles/PMC5468189/
  4. Psychological Sleep Interventions for Migraine and Tension-Type Headache: A Systematic Review and Meta-Analysis
    https://www.ncbi.nlm.nih.gov/pmc/articles/PMC6478829/
  5. Occurrence of Headache with and without Pillow Cushion in Supine Position after Spinal Anesthesia
    https://www.nepjol.info/index.php/NJOG/article/view/18983
  6. Sleep Wrinkles: Facial Aging and Facial Distortion During Sleep
    https://pubmed.ncbi.nlm.nih.gov/27329660/
  7. Sleep position and shoulder pain
    https://pubmed.ncbi.nlm.nih.gov/20036076/
  8. Obesity supine death syndrome revisited
    https://erj.ersjournals.com/content/40/6/1568
  9. Influence of Body Position on Severity of Obstructive Sleep Apnea: A Systematic Review
    https://www.ncbi.nlm.nih.gov/pmc/articles/PMC3817704/
  10. Identifying relationships between sleep posture and non-specific spinal symptoms in adults: A scoping review
    https://www.ncbi.nlm.nih.gov/pmc/articles/PMC6609073/
Was this article helpful?
thumbsupthumbsup
The following two tabs change content below.
सरल जैन ने श्री रामानन्दाचार्य संस्कृत विश्वविद्यालय, राजस्थान से संस्कृत और जैन दर्शन में बीए और डॉ. सी. वी. रमन... more

ताज़े आलेख